भागलपुर जिले के जगदीशपुर प्रखंड में बुधवार देर शाम आए तेज आंधी-तूफान और मूसलाधार बारिश ने जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित कर दिया। अचानक बदले मौसम ने पूरे इलाके में अफरा-तफरी का माहौल पैदा कर दिया। तेज हवाओं और भारी बारिश के कारण कई जगहों पर विशाल पेड़ सड़क पर गिर पड़े, जिससे भागलपुर-दुमका मुख्य मार्ग पर घंटों तक यातायात बाधित रहा। सड़क जाम होने से यात्रियों, स्कूली बच्चों और वाहन चालकों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ा।
तूफान की रफ्तार इतनी तेज थी कि कई इलाकों में बिजली के तार टूट गए और बिजली के खंभे भी धराशायी हो गए। इसके चलते पूरे क्षेत्र की बिजली आपूर्ति ठप हो गई। देर रात तक बिजली बहाल नहीं होने से लोगों को अंधेरे और उमस भरी गर्मी में रात गुजारनी पड़ी। स्थानीय लोगों ने बताया कि बिजली कटने से पेयजल संकट भी गहरा गया, क्योंकि मोटर और पानी सप्लाई व्यवस्था प्रभावित हो गई।
प्राकृतिक आपदा का असर स्थानीय कारोबार पर भी साफ देखने को मिला। कई दुकानों और छोटे व्यवसायों को नुकसान पहुंचा है। जगदीशपुर स्थित अंजलि ऑटोमोटिव के मालिक ने बताया कि तेज तूफान में उनके गैरेज का शेड उड़ गया और मरम्मत के लिए खड़ी कई गाड़ियां क्षतिग्रस्त हो गईं। उन्होंने कहा कि इस घटना से उन्हें भारी आर्थिक नुकसान हुआ है।
आंधी और बारिश के बाद कई ग्रामीण इलाकों में सड़क पर पेड़ और बिजली के खंभे गिरने से लोगों का आवागमन प्रभावित रहा। स्थानीय प्रशासन और बिजली विभाग की टीमों ने राहत एवं बहाली कार्य शुरू कर दिया है, लेकिन कई क्षेत्रों में स्थिति सामान्य होने में समय लग सकता है।
स्थानीय लोगों और व्यापारियों ने जिला प्रशासन से जल्द राहत सहायता उपलब्ध कराने की मांग की है। लोगों का कहना है कि प्रभावित परिवारों और व्यापारियों को उचित मुआवजा दिया जाए ताकि वे इस संकट से उबर सकें।