नवगछिया/भागलपुर। बिहार में गंगा और कोसी नदी के बढ़ते जलस्तर के बीच बाढ़ का संकट लगातार बना हुआ है। भागलपुर जिले के नवगछिया अनुमंडल की कई पंचायतें बाढ़ से प्रभावित हैं। इसी बीच मंगलवार को पटना के ज्ञान बिंदु संस्थान के निदेशक रोशन आनंद बाढ़ प्रभावित मदरौनी पंचायत पहुंचे और पीड़ित परिवारों के बीच राहत सामग्री का वितरण किया।
राहत सामग्री बांटने के दौरान रोशन आनंद ने बाढ़ प्रभावित परिवारों से मुलाकात कर उनकी समस्याएं सुनीं। उन्होंने कहा कि मुश्किल की इस घड़ी में जरूरतमंद लोगों की मदद करना समाज की सामूहिक जिम्मेदारी है। उन्होंने अपनी क्षमता के अनुसार आगे भी सहयोग जारी रखने का भरोसा दिलाया।
स्थायी बाढ़ नियंत्रण की मांग
रोशन आनंद ने कहा कि बिहार में हर वर्ष बाढ़ की स्थिति उत्पन्न होती है और यह राज्य की गंभीर समस्याओं में शामिल है। उन्होंने सरकार से बाढ़ से स्थायी निजात के लिए दीर्घकालिक योजना बनाने की मांग की।
उन्होंने मदरौनी क्षेत्र में लंबे समय से क्षतिग्रस्त तटबंध का मुद्दा भी उठाया। उनका कहना था कि तटबंध की स्थिति दुरुस्त नहीं होने के कारण आसपास के इलाकों को हर साल बाढ़ और कटाव की समस्या झेलनी पड़ती है। उन्होंने जल्द तटबंध निर्माण और स्थायी बाढ़ नियंत्रण के उपाय किए जाने की मांग की।
मुख्यमंत्री की तैयारियों की सराहना
रोशन आनंद ने मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी के नेतृत्व में बाढ़ प्रबंधन को लेकर सरकार की तैयारियों की सराहना की। उन्होंने कहा कि नेपाल में आपदा की स्थिति के बीच बिहार सरकार अलर्ट मोड में रही और बाढ़ की स्थिति पर लगातार नजर रखी गई। हालांकि उन्होंने भागलपुर जिले के बाढ़ प्रभावित इलाकों पर विशेष ध्यान देने की जरूरत बताई।
उन्होंने कहा कि राहत की मदद समाज के अंतिम पंक्ति में खड़े लोगों तक पहुंचनी चाहिए। इसी उद्देश्य से ज्ञान बिंदु संस्थान की ओर से नवगछिया के बाढ़ प्रभावित क्षेत्र में राहत सामग्री पहुंचाई गई।
रोशन आनंद ने केंद्र और राज्य सरकार से भागलपुर के बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों के लिए विशेष पैकेज देने की मांग की, ताकि तटबंध, कटाव और बाढ़ नियंत्रण से जुड़ी स्थायी योजनाओं पर काम हो सके। साथ ही उन्होंने लोगों से बाढ़ पीड़ितों की मदद के लिए आगे आने की अपील की।






