जामताड़ा। साइबर अपराध के खिलाफ चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत जामताड़ा पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। पुलिस ने नारायणपुर और करमाटांड़ थाना क्षेत्र में छापेमारी कर चार कथित साइबर अपराधियों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपियों के पास से 9 मोबाइल फोन और 10 सिम कार्ड बरामद किए गए हैं। पुलिस के अनुसार, आरोपी लोगों को बैंक अधिकारी बनकर फोन करते थे और अलग-अलग तरीकों से साइबर ठगी की कोशिश करते थे।
पुलिस अधीक्षक शंभु कुमार सिंह को मिली गुप्त सूचना के आधार पर साइबर डीएसपी अमित रविदास के नेतृत्व में विशेष टीम गठित की गई। टीम ने पहली कार्रवाई नारायणपुर थाना क्षेत्र के बांका गांव स्थित उत्क्रमित मध्य विद्यालय के बरामदे में की, जहां से एक आरोपी को गिरफ्तार किया गया। इसके बाद करमाटांड़ थाना क्षेत्र के शीतलपुर मैदान में छापेमारी कर तीन अन्य आरोपियों को पुलिस ने पकड़ लिया।
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान नारायणपुर थाना क्षेत्र के तारासेठिया निवासी हासीम अंसारी, रतनिया निवासी सैयद अंसारी, करमाटांड़ थाना क्षेत्र के ताराबहाल निवासी कोसर अंसारी और अफताब हुसैन के रूप में हुई है। पुलिस के मुताबिक, हासीम अंसारी की उम्र 28 वर्ष, सैयद अंसारी की 31 वर्ष, कोसर अंसारी की 26 वर्ष और अफताब हुसैन की उम्र 19 वर्ष है।
पुलिस जांच में आरोपियों के साइबर ठगी के कथित तरीके का भी खुलासा हुआ है। पुलिस के अनुसार, आरोपी खुद को केनरा बैंक का अधिकारी बताकर लोगों को फोन करते थे। इसके अलावा फोन-पे पर 999 रुपये कैशबैक मिलने का फर्जी मैसेज भेजकर लिंक स्वीकार करने के लिए कहा जाता था। पुलिस का दावा है कि लिंक स्वीकार कराने के बाद फर्जी एप के जरिए पीड़ित के बैंक खाते से रकम निकालने की कोशिश की जाती थी।
मामले में साइबर थाना में कांड संख्या 63/26 दर्ज कर भारतीय न्याय संहिता, आईटी एक्ट और दूरसंचार अधिनियम के तहत कार्रवाई शुरू कर दी गई है। पुलिस ने बताया कि हासीम अंसारी पूर्व में भी कांड संख्या 40/26 में आरोपी रह चुका है। पुलिस को आशंका है कि आरोपियों का नेटवर्क देश के अन्य राज्यों तक फैला हो सकता है। फिलहाल पुलिस गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ कर पूरे नेटवर्क की जानकारी जुटाने में लगी है।






