जेपीएससी पेपर लीक मामले को लेकर अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (एबीवीपी) का विरोध लगातार तेज होता जा रहा है। शनिवार को धनबाद के रणधीर वर्मा चौक पर एबीवीपी कार्यकर्ताओं ने झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन का पुतला दहन कर सरकार के खिलाफ जोरदार प्रदर्शन किया। इस दौरान कार्यकर्ताओं ने जमकर नारेबाजी की और जेपीएससी मामले की निष्पक्ष जांच कराने तथा दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की।
प्रदर्शन के दौरान एबीवीपी कार्यकर्ताओं ने कहा कि प्रतियोगी परीक्षाओं में पेपर लीक जैसी घटनाएं छात्रों के भविष्य के साथ सीधे तौर पर खिलवाड़ हैं। हजारों छात्र वर्षों तक मेहनत कर प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी करते हैं। ऐसे में परीक्षा से पहले प्रश्नपत्र लीक होने की घटनाएं छात्रों के भरोसे को प्रभावित करती हैं।
एबीवीपी नेताओं ने कहा कि जेपीएससी पेपर लीक मामले को लेकर संगठन लगातार सरकार से जवाब मांग रहा है। कार्यकर्ताओं ने परीक्षा व्यवस्था में पारदर्शिता सुनिश्चित करने और पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की।
दरअसल, रांची में एबीवीपी की ओर से मुख्यमंत्री आवास घेराव का कार्यक्रम आयोजित किया गया था। संगठन का आरोप है कि इस दौरान प्रदर्शन कर रहे कई छात्रों को पुलिस ने गिरफ्तार किया। एबीवीपी ने दावा किया कि जेपीएससी पेपर लीक के मुद्दे पर सरकार के खिलाफ आवाज उठाने पहुंचे छात्रों के साथ पुलिस ने कार्रवाई की।
रांची की घटना के विरोध में एबीवीपी ने पूरे झारखंड में विरोध प्रदर्शन और मुख्यमंत्री के पुतला दहन का आह्वान किया था। इसी क्रम में धनबाद में भी कार्यकर्ता सड़क पर उतरे और रणधीर वर्मा चौक पर प्रदर्शन किया।
एबीवीपी ने राज्य सरकार से छात्रों के हित में तत्काल ठोस कदम उठाने, प्रतियोगी परीक्षाओं की व्यवस्था को पारदर्शी बनाने और जेपीएससी मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों पर सख्त कार्रवाई करने की मांग की। संगठन ने कहा कि छात्रों के भविष्य से जुड़े इस मुद्दे पर सरकार को गंभीरता दिखानी चाहिए।
संवाददाता: राजेश कुमार, धनबाद





