
सहरसा जिले में अपराध नियंत्रण और पुलिस व्यवस्था को और अधिक प्रभावी बनाने के उद्देश्य से मंगलवार को पुलिस अधीक्षक (एसपी) विक्रम सिहाग ने सदर थाना का औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने थाना की कार्यप्रणाली, लंबित कांडों, अभिलेखों के संधारण तथा कानून-व्यवस्था से जुड़े विभिन्न पहलुओं की विस्तार से समीक्षा की। एसपी ने अधिकारियों और पुलिसकर्मियों को स्पष्ट निर्देश दिया कि आम लोगों की शिकायतों का त्वरित, निष्पक्ष और पारदर्शी तरीके से निपटारा सुनिश्चित किया जाए।
निरीक्षण के दौरान एसपी ने थाना में दर्ज लंबित मामलों की एक-एक कर समीक्षा की और अनुसंधान की वर्तमान स्थिति की जानकारी ली। उन्होंने कहा कि लंबित कांडों का समयबद्ध निष्पादन पुलिस की प्राथमिकता होनी चाहिए। जिन मामलों में अनुसंधान लंबित है, उनमें तेजी लाकर जल्द चार्जशीट दाखिल करने तथा दोषियों के खिलाफ प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया।
इसके अलावा एसपी ने थाना परिसर की साफ-सफाई, अभिलेखों के रखरखाव, मालखाना, कार्यालय व्यवस्था और अन्य प्रशासनिक कार्यों का भी निरीक्षण किया। उन्होंने रिकॉर्ड संधारण को अद्यतन रखने तथा प्रत्येक शाखा में निर्धारित प्रक्रिया के अनुरूप कार्य करने पर जोर दिया। पुलिस पदाधिकारियों को निर्देश दिया गया कि थाना आने वाले फरियादियों के साथ संवेदनशील व्यवहार किया जाए और उनकी समस्याओं का प्राथमिकता के आधार पर समाधान किया जाए।
एसपी विक्रम सिहाग ने बेहतर पुलिसिंग, अपराध नियंत्रण और विधि-व्यवस्था को और मजबूत बनाने के लिए कई आवश्यक दिशा-निर्देश भी दिए। उन्होंने कहा कि क्षेत्र में नियमित गश्ती, अपराधियों पर निगरानी और जनसंपर्क बढ़ाकर पुलिस के प्रति लोगों का विश्वास और मजबूत किया जाए।
निरीक्षण के दौरान थाना के सभी पदाधिकारी एवं पुलिसकर्मी मौजूद रहे। इस अवसर पर ट्रैफिक डीएसपी ओम प्रकाश तथा मुख्यालय डीएसपी भी उपस्थित रहे। अधिकारियों के साथ थाना की कार्यप्रणाली को और अधिक प्रभावी बनाने, लंबित मामलों के त्वरित निष्पादन तथा कानून-व्यवस्था को सुदृढ़ बनाए रखने को लेकर विस्तृत चर्चा की गई। निरीक्षण के दौरान थाना परिसर में अधिकारियों और पुलिसकर्मियों के बीच सक्रियता एवं सतर्कता का माहौल देखने को मिला।





