पलामू जिले के तरहसी प्रखंड अंतर्गत सेलारी गांव के सुखरो टोला में शनिवार देर शाम एक दर्दनाक हादसे में बिजली विभाग के अनुबंधकर्मी बिजली मिस्त्री की करंट लगने से मौत हो गई। मृतक की पहचान तरहसी थाना क्षेत्र के परसावा निवासी सत्येन्द्र महतो (35) के रूप में हुई है। वह पिछले सात-आठ वर्षों से बिजली विभाग में अनुबंध पर कार्यरत थे। अपने पीछे वह पत्नी और तीन छोटे बच्चों को छोड़ गए हैं। इस घटना से पूरे क्षेत्र में शोक की लहर है।
जानकारी के अनुसार, सुखरो टोला में पिछले एक सप्ताह से बिजली आपूर्ति बाधित थी। ट्रांसफार्मर में आई तकनीकी खराबी को दूर करने के लिए सत्येन्द्र महतो अपनी टीम के साथ मौके पर पहुंचे थे। विभागीय प्रक्रिया के तहत शटडाउन लेने के बाद वह बिजली के पोल पर चढ़कर फॉल्ट ठीक कर रहे थे। इसी दौरान अचानक 11 हजार वोल्ट हाईटेंशन लाइन में करंट दौड़ गया और वह पोल पर ही चिपक गए। करंट इतना तेज था कि उनकी मौके पर ही मौत हो गई।
हादसे के बाद सबसे बड़ा सवाल यह उठ रहा है कि शटडाउन लेने के बावजूद लाइन में करंट कैसे आ गया। विभाग ने मामले की तकनीकी जांच के आदेश दिए हैं। प्रारंभिक आशंका है कि किसी कारण से लाइन में बैक फीड या रिटर्न करंट आ गया होगा।
मृतक के परिजनों ने आरोप लगाया कि हादसे के बाद मौके पर मौजूद अन्य कर्मचारी वहां से चले गए। सूचना मिलने पर परिजन पहुंचे और मुआवजा तथा आश्रित को नौकरी की मांग को लेकर शव को पोल से उतारने नहीं दिया। करीब चार घंटे तक शव पोल पर ही लटका रहा।
बाद में तरहसी थाना पुलिस, जूनियर इंजीनियर, अंचल अधिकारी हरिश्चंद्र मुंडा समेत अन्य अधिकारियों के पहुंचने और समझाने के बाद परिजन माने। विभाग की ओर से 5 लाख रुपये मुआवजा देने की घोषणा की गई, जबकि प्रखंड विकास पदाधिकारी ने अंतिम संस्कार के लिए 10 हजार रुपये की तत्काल सहायता प्रदान की। अधिकारियों ने अन्य सरकारी लाभ दिलाने का भी आश्वासन दिया।
सहायक अभियंता विकास कुमार ने बताया कि शटडाउन के बावजूद करंट आने के कारणों की जांच की जा रही है। जांच रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। यह हादसा बिजली विभाग की सुरक्षा व्यवस्था और कार्यस्थल पर सुरक्षा मानकों पर गंभीर सवाल खड़े करता है।
संवाददाता : सत्यम शुक्ला, पलामू






