झारखंड के पलामू जिले में चर्चित जगनारायण यादव उर्फ विशाल यादव हत्याकांड का पुलिस ने खुलासा कर दिया है। पांडू थाना क्षेत्र में मिले अज्ञात शव के मामले में पुलिस ने एक आरोपी को गिरफ्तार किया है, जबकि हत्या में शामिल दो अन्य आरोपी अभी भी फरार हैं। उनकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस लगातार छापेमारी कर रही है।
जानकारी के अनुसार, पांडू थाना कांड संख्या-23/26 के तहत 9 मई 2026 को अज्ञात व्यक्तियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 103(1) के तहत प्राथमिकी दर्ज कर मामले की जांच शुरू की गई थी। शुरुआती जांच में पुलिस को शव की पहचान नहीं हो सकी थी, लेकिन तकनीकी साक्ष्यों और गहन अनुसंधान के बाद मृतक की पहचान छतरपुर थाना क्षेत्र के कव्वल टोला जंगवल निवासी जगनारायण यादव उर्फ विशाल यादव के रूप में हुई।
मामले के खुलासे के लिए अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी विश्रामपुर चिरंजीव मंडल के नेतृत्व में विशेष जांच दल (एसआईटी) का गठन किया गया। टीम ने मानवीय सूचना और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर लगातार छापेमारी अभियान चलाया। इसी दौरान बेलहरा के लोमड़ीडीह निवासी उमेश सिंह (38 वर्ष) को गिरफ्तार किया गया।
पुलिस पूछताछ में उमेश सिंह ने अपना अपराध स्वीकार करते हुए बताया कि उसने अपने सहयोगियों विकास सिंह और अभिषेक कुमार सिंह के साथ मिलकर विशाल यादव की हत्या की थी। आरोपी के अनुसार, घटना से पहले सभी लोग एक साथ शराब पी रहे थे। इसी दौरान किसी बात को लेकर विवाद शुरू हुआ, जो देखते ही देखते हिंसक झड़प में बदल गया। पुरानी रंजिश के कारण आरोपियों ने विशाल यादव की बेरहमी से पिटाई की और बाद में पत्थर से उसका सिर कुचलकर हत्या कर दी।
पुलिस ने गिरफ्तार आरोपी के पास से वीवो कंपनी का एक टूटा हुआ मोबाइल फोन भी बरामद किया है। जांच में यह भी सामने आया है कि उमेश सिंह के खिलाफ पांडू थाना में पहले से कई आपराधिक मामले दर्ज हैं।
पुलिस का कहना है कि फरार दोनों आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी की जा रही है। जल्द ही उन्हें भी गिरफ्तार कर मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
संवाददाता : सत्यम शुक्ला, पलामू





