भागलपुर: गंगा नदी पर स्थित महत्वपूर्ण संपर्क मार्ग विक्रमशीला सेतु का एक हिस्सा हाल ही में क्षतिग्रस्त हो जाने के बाद यातायात व्यवस्था प्रभावित हो गई थी। इस पुल के क्षतिग्रस्त होने से कोसी-सीमांचल क्षेत्र और पूर्वोत्तर भारत से संपर्क करने वाले वाहनों को भारी असुविधा का सामना करना पड़ा।
अब इस पुल की मरम्मत और पुनर्निर्माण की दिशा में प्रशासनिक प्रक्रिया तेज कर दी गई है। प्राप्त जानकारी के अनुसार, इस परियोजना के लिए टेंडर प्रक्रिया आगे बढ़ चुकी है, जिसमें तकनीकी रूप से योग्य दो बिडर्स का चयन किया गया है। इनमें एमजी कॉन्ट्रैक्टर्स (MG Contractors) और एसपी सिंगला (SP Singla) शामिल हैं।
इस पूरे प्रोजेक्ट की अनुमानित लागत लगभग 99 करोड़ रुपये निर्धारित की गई है। योजना के तहत पुल के क्षतिग्रस्त हिस्से का पुनर्निर्माण एवं आवश्यक मरम्मत कार्य किया जाएगा, ताकि इसकी पूरी संरचनात्मक क्षमता को पुनः बहाल किया जा सके।
अधिकारियों के अनुसार, मरम्मत कार्य पूरा होने के बाद इस महत्वपूर्ण सेतु पर यातायात पहले की तरह सुचारू रूप से बहाल हो सकेगा। फिलहाल क्षति के बाद सुरक्षा कारणों से वैकल्पिक व्यवस्था के तहत अस्थायी बेली ब्रिज लगाया गया था, जिससे आंशिक रूप से वाहनों की आवाजाही जारी रखी जा रही है।
विक्रमशीला सेतु न केवल भागलपुर को जोड़ने वाला महत्वपूर्ण मार्ग है, बल्कि यह कोसी-सीमांचल क्षेत्र को पूर्वोत्तर राज्यों से जोड़ने वाली एक अहम कड़ी भी है। ऐसे में इसके क्षतिग्रस्त होने का असर राज्य और अंतरराज्यीय यातायात दोनों पर पड़ा है।
विभागीय अधिकारियों ने बताया कि टेंडर प्रक्रिया पूरी होने के बाद जल्द ही निर्माण कार्य शुरू किया जाएगा। साथ ही निर्माण कार्य की गुणवत्ता और समयसीमा पर विशेष निगरानी रखी जाएगी ताकि भविष्य में इस तरह की समस्या दोबारा उत्पन्न न हो।
स्थानीय लोगों और परिवहन से जुड़े लोगों ने उम्मीद जताई है कि मरम्मत कार्य समय पर पूरा हो जाएगा और इस महत्वपूर्ण पुल पर यातायात सामान्य स्थिति में लौट आएगा।
संवाददाता : रजनीश कुमार
स्थान : भागलपुर





