बिहार के सासाराम से एक सनसनीखेज मामला सामने आया है, जिसने पूरे इलाके में तनाव और आक्रोश का माहौल पैदा कर दिया है। मामला रोहतास जिले के राजपुर प्रखंड स्थित रामुडीह के उत्क्रमित उर्दू मध्य विद्यालय का है, जहां स्कूल परिसर से कथित रूप से प्रतिबंधित मांस मिलने की खबर से हड़कंप मच गया।
ग्रामीणों के अनुसार, पिछले कई दिनों से स्कूल के कुछ शिक्षक और शिक्षिकाएं परिसर में ही मांस बनाकर खाते थे और कुछ छात्रों को भी परोसते थे। बुधवार सुबह जब विद्यालय के एक कमरे से काले रंग की चार प्लास्टिक थैलियों में भारी मात्रा में मांस बरामद हुआ, तो यह खबर तेजी से पूरे गांव में फैल गई। देखते ही देखते बड़ी संख्या में ग्रामीण स्कूल परिसर में इकट्ठा हो गए और जमकर हंगामा किया।
ग्रामीणों ने विद्यालय के प्रधानाध्यापक मोहम्मद अनवर समेत कुल पांच शिक्षकों पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उनका कहना है कि यह कृत्य बच्चों के साथ धोखा है और स्कूल जैसे पवित्र स्थान पर ऐसी गतिविधियां बिल्कुल भी स्वीकार्य नहीं हैं। कुछ ग्रामीणों ने यह भी आरोप लगाया कि विद्यालय में पढ़ने वाले अधिकतर बच्चे हिंदू समुदाय से हैं और उन्हें जानबूझकर प्रतिबंधित मांस खिलाने की कोशिश की जा रही थी।
मामले की गंभीरता को देखते हुए रोहतास की डीएम उदिता सिंह और एसपी रोशन कुमार खुद पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। प्रशासन ने तत्काल कार्रवाई करते हुए दो महिला शिक्षिकाओं सहित पांच शिक्षकों को हिरासत में ले लिया और उनसे पूछताछ शुरू कर दी है। साथ ही संबंधित शिक्षकों को निलंबित भी कर दिया गया है।
एसपी रोशन कुमार ने बताया कि बरामद मांस को फोरेंसिक जांच के लिए भेजा गया है। एफएसएल रिपोर्ट आने के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि मांस किस प्रकार का है और क्या वह वास्तव में प्रतिबंधित श्रेणी में आता है। फिलहाल पुलिस और शिक्षा विभाग दोनों स्तरों पर जांच जारी है।
इस घटना के बाद इलाके में तनाव बना हुआ है, वहीं ग्रामीण दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग पर अड़े हुए हैं।
