सहरसा। बिहार के सहरसा जिले के सिमरी बख्तियारपुर अनुमंडल क्षेत्र में मंगलवार की शाम तिलावे नदी में बड़ा नाव हादसा हो गया। तेज हवा के झोंके के कारण करीब 12 से 15 लोगों को लेकर जा रही नाव घाट के समीप पलट गई। हादसे में एक 35 वर्षीय महिला की डूबने से मौत हो गई, जबकि 12 वर्षीय किशोरी नदी में डूबने के बाद लापता है। नाव पर सवार अन्य लोग किसी तरह तैरकर सुरक्षित बाहर निकलने में सफल रहे।
मृतका की पहचान कुंदन यादव की 35 वर्षीय पत्नी रूपम कुमारी के रूप में हुई है। वहीं, लापता किशोरी की पहचान विष्णुदेव यादव की 12 वर्षीय पुत्री नेहा कुमारी के रूप में हुई है।
नाव पर सवार मिथिलेश यादव के अनुसार, तरियामा पंचायत के कई महिला, पुरुष और बच्चे मवेशियों के चारे के लिए तुर्की के नढ़ेया घाट के पार घास काटने गए थे। शाम करीब 6 बजे सभी लोग नाव से वापस अपने घर लौट रहे थे। इसी दौरान घाट के समीप तेज हवा चलने लगी। हवा के तेज झोंके से नाव अचानक डगमगाने लगी और देखते ही देखते नदी में पलट गई।
नाव पलटते ही उस पर सवार सभी लोग नदी में गिर गए। हादसे के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई। कुछ लोगों ने नदी किनारे मौजूद घास से बंधी रस्सी को पकड़कर अपनी जान बचाई, जबकि अन्य लोग तैरकर किसी तरह सुरक्षित बाहर निकल आए।
मृतका रूपम देवी की सात वर्षीय बेटी सरिता कुमारी ने बताया कि उसकी आंखों के सामने नाव पलट गई और उसकी मां नदी में डूब गईं। बाद में लोगों ने उन्हें पानी से बाहर निकाला, लेकिन अधिक पानी पी लेने के कारण उनकी मौत हो चुकी थी। रूपम देवी तीन बच्चों की मां थीं।
घटना की सूचना मिलते ही बख्तियारपुर थाना पुलिस मौके पर पहुंची और राहत एवं बचाव कार्य शुरू किया। थानाध्यक्ष जयशंकर कुमार ने बताया कि मृतका के शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा जा रहा है। वहीं, नदी में लापता 12 वर्षीय नेहा कुमारी की तलाश जारी है।
इस दर्दनाक हादसे के बाद मृतका के परिवार में कोहराम मचा हुआ है, जबकि लापता किशोरी की तलाश में परिजन और ग्रामीण लगातार नदी किनारे जुटे हुए हैं।






