बिहार के मुजफ्फरपुर जिले में रविवार को ईद के मेले के दौरान झूले पर बैठने को लेकर दो गुटों में हिंसक झड़प हुई। घटना नगर थाना क्षेत्र के पुरानी गुदरी और डॉ. सिद्दीकी लेन में हुई, जहां पहले से विवाद चल रहे मो. महफूज उर्फ मैंगो और चतुर्भुज स्थान मैना गली के लक्की के बीच कहासुनी हिंसक संघर्ष में बदल गई।
मौके पर स्थिति तंग थी, जब लगभग 50 से अधिक युवकों ने एक गुट पर हमला बोल दिया। मारपीट और ईंट-पत्थरबाजी में महिला और बच्चों समेत एक दर्जन से अधिक लोग घायल हो गए। हमला करने वाले युवकों ने घरों में घुसकर भी हिंसा की, जिससे इलाके में अफरा-तफरी का माहौल बन गया।
स्थानीय लोगों ने बताया कि झूले को लेकर विवाद के पहले से तनाव था और ईद के मेले में यह कहासुनी अचानक हिंसा में बदल गई। शुक्ला रोड की ओर से पहुंचे हमलावरों ने घरों पर भी हमला किया, जिससे सामान्य नागरिक भी प्रभावित हुए।
सूचना मिलने पर नगर थाना और आसपास के थानों की पुलिस तुरंत मौके पर पहुंची। भीड़ को काबू में करने के लिए पुलिस ने लाठीचार्ज किया और स्थिति नियंत्रण में लाई। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए दोनों पक्षों से चार युवकों को हिरासत में लिया, जिनमें मैंगो और लक्की भी शामिल हैं।
नगर थानाध्यक्ष मनोज कुमार ने बताया कि झूले को लेकर हुए विवाद में दो गुट आमने-सामने आए और मारपीट हुई। दोनों पक्षों के दो-दो लोगों को गिरफ्तार किया गया है। स्थिति को देखते हुए पूरे इलाके में भारी पुलिस बल तैनात किया गया है और फिलहाल तनाव नियंत्रण में बताया जा रहा है।
घटना ने पूरे इलाके में डर और असुरक्षा की भावना पैदा कर दी है। प्रशासन ने लोगों से शांति बनाए रखने की अपील की है। घटना से यह स्पष्ट हो गया है कि त्योहारों के समय भी सुरक्षा और सतर्कता बेहद जरूरी है, ताकि किसी भी प्रकार के विवाद को हिंसक रूप लेने से रोका जा सके।
कुल मिलाकर, मुजफ्फरपुर की यह झड़प स्थानीय प्रशासन और पुलिस के लिए सतर्कता की चुनौती बनी हुई है, जबकि घायल लोगों का इलाज जिला अस्पताल में चल रहा है।
