महाराष्ट्र के नवी मुंबई के खारघर में करीब एक करोड़ रुपये के डायमंड और गोल्ड लूटकांड में बिहार एसटीएफ ने बड़ी कार्रवाई की है। मामले के कथित सरगना और शटरकटवा गिरोह के सक्रिय सदस्य श्रीराम साह को पूर्वी चंपारण के मोतिहारी से गिरफ्तार किया गया है। वह महाराष्ट्र से निकलकर मोतिहारी में छिपा हुआ था।
गिरफ्तार आरोपी की पहचान छतौनी थाना क्षेत्र के बरियारपुर निवासी श्रीराम साह के रूप में हुई है। पुलिस के मुताबिक, खारघर थाने में 11 अगस्त को दर्ज लूटकांड में वह वांछित था। सूचना मिलने पर बिहार एसटीएफ ने छतौनी इलाके में उसके संभावित ठिकाने की घेराबंदी कर उसे शुक्रवार देर रात दबोच लिया।
तलाशी के दौरान आरोपी के पास से हीरा और सोने की 17 अंगूठियां बरामद हुईं, जिनका कुल वजन 38.47 ग्राम बताया गया है। इसके अलावा सोने की एक अंगूठी, दो लॉकेट और एक कान का स्टड समेत कुल 11.01 ग्राम सोने के आभूषण मिले।
पुलिस ने 18.36 ग्राम की प्लेटिनम चेन, 4.66 ग्राम के ब्रेसलेट का टुकड़ा और 6.23 ग्राम की प्लेटिनम रिंग भी बरामद की है। इसके अलावा दो चेन और लॉकेट भी मिले हैं। बरामद आभूषणों की कुल सूची का वजन 99.31 ग्राम दर्ज किया गया है। आरोपी के पास से 90 हजार रुपये नकद और 1170 नेपाली रुपये भी मिले हैं।
पूर्वी चंपारण के एसपी स्वर्ण प्रभात ने गिरफ्तारी की पुष्टि की है। पुलिस के अनुसार, आरोपी के खिलाफ महाराष्ट्र, मध्य प्रदेश और गुजरात में गृह-भेदन से जुड़े तीन मामले दर्ज हैं। इससे उसके अंतरराज्यीय आपराधिक नेटवर्क से जुड़े होने की आशंका मजबूत हुई है।
अब पुलिस बरामद जेवरों के स्रोत और खारघर लूटकांड से उनके संबंध की जांच कर रही है। साथ ही यह भी पता लगाया जा रहा है कि मोतिहारी में आरोपी को किसने पनाह दी और गिरोह के अन्य सदस्य कौन-कौन हैं।
गिरफ्तारी के बाद आरोपी को न्यायालय में पेश किया गया, जहां से मुंबई पुलिस उसे ट्रांजिट रिमांड पर अपने साथ ले गई। अब खारघर पुलिस उससे पूछताछ कर लूटकांड और गिरोह के नेटवर्क से जुड़े अहम राज उगलवाने की कोशिश करेगी।






