पटना: राष्ट्रीय शिक्षक पुरस्कार 2026 के लिए बिहार की दो महिला शिक्षिकाओं का चयन किया गया है। शुक्रवार को जारी राष्ट्रीय स्तर की सूची में गोपालगंज और बांका जिले की शिक्षिकाओं ने जगह बनाई है। इस उपलब्धि से बिहार के शिक्षा जगत में खुशी का माहौल है।
राष्ट्रीय शिक्षक पुरस्कार के लिए गोपालगंज जिले के कुचायकोट स्थित राजकीय कन्या मध्य विद्यालय की शिक्षिका पुष्पा प्रसाद और बांका जिले के बिदायडीह स्थित उर्दू प्राथमिक विद्यालय की शिक्षिका खुशबू कुमारी का चयन हुआ है। दोनों शिक्षिकाएं सरकारी विद्यालयों में अपनी सेवाएं देते हुए विद्यार्थियों की शिक्षा और शैक्षणिक विकास के लिए लगातार काम कर रही हैं।
पुष्पा प्रसाद और खुशबू कुमारी का राष्ट्रीय स्तर पर चयन बिहार के लिए गौरव की बात माना जा रहा है। यह उपलब्धि इस बात को भी दर्शाती है कि बेहतर शिक्षा और नवाचार के लिए प्रयास केवल बड़े शहरों तक सीमित नहीं हैं। ग्रामीण और छोटे जिलों के सरकारी विद्यालयों में काम करने वाले शिक्षक भी अपनी मेहनत और समर्पण से राष्ट्रीय पहचान बना रहे हैं।
दोनों शिक्षिकाओं के चयन पर शिक्षा मंत्री मिथिलेश तिवारी ने प्रसन्नता जताते हुए उन्हें बधाई और शुभकामनाएं दी हैं। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय स्तर पर बिहार की महिला शिक्षिकाओं का चयन प्रदेश के लिए गर्व का विषय है। उनके अनुसार यह उपलब्धि शिक्षिकाओं की कर्तव्यनिष्ठा, समर्पण और शिक्षा के प्रति प्रतिबद्धता को दर्शाती है।
शिक्षा मंत्री ने उम्मीद जताई कि राष्ट्रीय सम्मान से दोनों शिक्षिकाओं का उत्साह और बढ़ेगा तथा वे भविष्य में भी शिक्षा के क्षेत्र में बेहतर योगदान देती रहेंगी।
गोपालगंज और बांका की इन दोनों शिक्षिकाओं की उपलब्धि राज्य के उन तमाम शिक्षकों के लिए प्रेरणा है, जो सीमित संसाधनों के बावजूद विद्यार्थियों को बेहतर शिक्षा देने के लिए लगातार प्रयास कर रहे हैं। राष्ट्रीय शिक्षक पुरस्कार के लिए चयन ने बिहार के सरकारी विद्यालयों की मेहनत और उपलब्धियों को एक नई पहचान दी है।






