खगड़िया जिले में जनहित एक्सप्रेस ट्रेन में शुक्रवार रात एक बेहद चौंकाने वाली घटना सामने आई। मानसी स्टेशन से ट्रेन खुलते ही एक युवक ने खिड़की के पास बैठे यात्री का मोबाइल झपटने की कोशिश की, लेकिन इस बार उसकी चाल सफल नहीं हो सकी। यात्री और अन्य लोगों ने फुर्ती दिखाते हुए उसका हाथ पकड़ लिया।
मोबाइल छीनने की कोशिश के बाद आरोपी चलती ट्रेन की खिड़की से बाहर लटक गया। यात्रियों ने उसका हाथ नहीं छोड़ा और करीब 9 किलोमीटर तक वह हवा में लटका रहा। इस दौरान कुछ यात्रियों ने उसे थप्पड़ भी मारे, जबकि आरोपी लगातार छोड़ देने की गुहार लगाता रहा। यात्रियों का कहना था कि अगर हाथ छोड़ देते तो वह ट्रेन से गिरकर गंभीर रूप से घायल हो सकता था।
इस पूरी घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। वीडियो में आरोपी पहले अपना नाम छोटू यादव और फिर पंकज यादव बताते हुए खुद को लखमिनिया का निवासी बता रहा है और चोरी से इनकार करता नजर आता है। वह कहता है कि वह मोबाइल नहीं छीन रहा था और उसका हाथ टूट जाएगा।
शुरुआत में रेलवे अधिकारियों को लगा कि कोई व्यक्ति चलती ट्रेन में चढ़ने की कोशिश कर रहा है, इसलिए सुरक्षा के मद्देनजर ट्रेन की गति कम कराने की सूचना दी गई। बाद में पता चला कि वह मोबाइल झपटमार था, जिसे यात्रियों ने पकड़ रखा था।
खगड़िया स्टेशन पहुंचते ही जीआरपी ने आरोपी को हिरासत में ले लिया। जांच में उसकी असली पहचान नवगछिया के मुमताज मोहल्ला निवासी बरकत मंसूरी के रूप में हुई, जो पहले भी चोरी और झपटमारी की घटनाओं में शामिल रह चुका है।
रेल थाना पुलिस ने आरोपी के खिलाफ कांड संख्या 45/26 दर्ज करते हुए भारतीय न्याय संहिता की संबंधित धाराओं में मामला दर्ज किया है। पुलिस उसके आपराधिक इतिहास की भी जांच कर रही है।
यह घटना यात्रियों की सतर्कता और साहस का उदाहरण तो है, लेकिन साथ ही ट्रेनों में सुरक्षा व्यवस्था को लेकर भी कई सवाल खड़े करती है। वायरल वीडियो पर सोशल मीडिया में तीखी प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं।






