बोकारो के सदर अस्पताल में उस समय हंगामे की स्थिति उत्पन्न हो गई, जब इलाज के लिए पहुंचे एक मरीज के परिजनों ने ड्यूटी पर तैनात डॉक्टर पर गंभीर आरोप लगा दिए। परिजनों का कहना है कि डॉक्टर ने मरीज का इलाज करने के बजाय उनके साथ अभद्र व्यवहार किया, गाली-गलौज की और यहां तक कि मारपीट व सिर फोड़ देने की धमकी भी दी। घटना के बाद अस्पताल परिसर में काफी देर तक अफरा-तफरी का माहौल बना रहा।
बताया जा रहा है कि काला पत्थर इलाके से एक गंभीर मरीज को इलाज के लिए बोकारो सदर अस्पताल लाया गया था। मरीज के परिजनों के अनुसार, मरीज की हालत काफी नाजुक थी और उन्हें तत्काल चिकित्सा की जरूरत थी। लेकिन ड्यूटी पर मौजूद डॉक्टर आर.पी. सिंह ने मरीज की स्थिति को गंभीरता से नहीं लिया।
परिजनों का आरोप है कि जब उन्होंने डॉक्टर से जल्द इलाज की मांग की, तो डॉक्टर ने सहयोग करने के बजाय उनके साथ बदसलूकी शुरू कर दी। आरोप है कि डॉक्टर ने अपशब्द कहे, गाली-गलौज की और यहां तक कि मारपीट करने तथा सिर फोड़ देने जैसी धमकी भी दी। इससे परिजन आक्रोशित हो गए और अस्पताल परिसर में विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया।
हंगामे की सूचना मिलते ही अस्पताल प्रशासन और अन्य कर्मी मौके पर पहुंचे और स्थिति को शांत कराने का प्रयास किया। परिजन डॉक्टर के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग पर अड़े रहे। उनका कहना था कि अस्पताल जैसे संवेदनशील स्थान पर इस तरह का व्यवहार बिल्कुल बर्दाश्त नहीं किया जा सकता।
इस पूरे मामले पर बोकारो के जिला उपायुक्त अजय नाथ झा ने कहा कि सबसे पहले सिविल सर्जन से पूरे मामले की जांच कराई जाएगी। उन्होंने स्पष्ट कहा कि किसी भी डॉक्टर को मरीज या उनके परिजनों के साथ अभद्र व्यवहार करने की छूट नहीं दी जा सकती। जांच रिपोर्ट आने के बाद उचित कार्रवाई की जाएगी।
अब सभी की नजर प्रशासन की जांच और आगे की कार्रवाई पर टिकी हुई है।
संवाददाता – चंदन सिंह, बोकारो
