दो दिवसीय दौरे पर धनबाद पहुंचे केंद्रीय कोयला एवं खान राज्य मंत्री सतीश चंद्र दुबे ने बेलगड़िया में मीडिया से बातचीत के दौरान झरिया पुनर्वास, भू-धंसान और गैस रिसाव जैसे मुद्दों पर चिंता जताई। उन्होंने कहा कि झारखंड सरकार के सहयोग के बिना विस्थापन की समस्या का समाधान संभव नहीं है। इस दौरान उन्होंने सनातन, वैश्विक संकट और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अपील को लेकर भी अपनी प्रतिक्रिया दी।



केंद्रीय मंत्री सतीश चंद्र दुबे ने कहा कि केंदुआडीह समेत कई क्षेत्रों में भू-धंसान और गैस रिसाव की गंभीर समस्या बनी हुई है। ऐसे इलाकों में लोगों की सुरक्षा सबसे बड़ी प्राथमिकता है। उन्होंने प्रभावित लोगों से सुरक्षित स्थानों पर शिफ्ट होने की अपील करते हुए कहा कि किसी भी दुर्घटना के बाद भारत सरकार को जिम्मेदार ठहराया जाता है, इसलिए सभी को सुरक्षा के प्रति जागरूक होना होगा।

उन्होंने बताया कि बेलगड़िया टाउनशिप में झरिया मास्टर प्लान 2.0 के तहत सुविधाओं का विस्तार किया जा रहा है। पुनर्वासित परिवारों को रोजगार और कौशल प्रशिक्षण भी उपलब्ध कराया जा रहा है, ताकि उनका भविष्य सुरक्षित हो सके।

तमिलनाडु विधानसभा में सनातन को लेकर दिए गए बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए केंद्रीय मंत्री ने कहा कि सनातन को मिटाने की बात करने वाले खुद मिट जाएंगे। उन्होंने कहा कि सनातन संस्कृति देश की पहचान है और इसे कोई समाप्त नहीं कर सकता।

वैश्विक संकट और संसाधनों की बचत को लेकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अपील का समर्थन करते हुए मंत्री ने कहा कि वर्तमान समय में विश्व युद्ध जैसी स्थिति बनती जा रही है। ऐसे में पेट्रोल-डीजल और जरूरी वस्तुओं का सीमित उपयोग बेहद आवश्यक है। उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री की सुरक्षा में भी अब केवल दो ई-मोटर कारों का इस्तेमाल किया जा रहा है।

मंत्री ने विपक्ष पर निशाना साधते हुए कहा कि विपक्ष का काम हर अच्छे कार्य का विरोध करना बन गया है। उन्होंने कहा कि कोरोना काल में भी प्रधानमंत्री की अपील ने देश में सकारात्मक माहौल बनाया था।

केंद्रीय मंत्री का यह दौरा झरिया पुनर्वास योजना, बीसीसीएल के कोल प्रोडक्शन और सुरक्षा मानकों की समीक्षा के लिहाज से काफी महत्वपूर्ण माना जा रहा है।

संवाददाता – नीतीश कुमार, धनबाद