सहरसा। सदर अस्पताल में खबर संकलन करने पहुंचे एक निजी डिजिटल चैनल के पत्रकार के साथ कथित मारपीट के मामले ने अब प्रशासनिक स्तर पर गंभीरता से तूल पकड़ लिया है। घटना से जुड़ा वीडियो वायरल होने के बाद सहरसा पहुंचे जिला प्रभारी सह शिक्षा मंत्री मिथिलेश तिवारी ने मामले का संज्ञान लिया। उन्होंने डीएम और एसपी को तलब कर पूरे घटनाक्रम की जानकारी ली और जांच के बाद दोषियों के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई का निर्देश दिया।
दरअसल, दो दिन पूर्व सहरसा सदर अस्पताल में खबर संकलन करने पहुंचे एक निजी डिजिटल चैनल के पत्रकार के साथ कथित मारपीट का वीडियो सामने आया था। वायरल वीडियो में अस्पताल के चिकित्सक और स्वास्थ्यकर्मियों द्वारा पत्रकार के साथ कथित तौर पर मारपीट किए जाने का मामला सामने आया। वीडियो सामने आने के बाद पत्रकारों के बीच भी इस घटना को लेकर नाराजगी देखी गई।
20 सूत्री की बैठक में शामिल होने सहरसा पहुंचे प्रभारी मंत्री मिथिलेश तिवारी ने मामले को गंभीरता से लेते हुए रात में ही परिसदन में डीएम और एसपी को बुलाया। उन्होंने अधिकारियों से घटना की विस्तृत जानकारी ली और पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर नियमानुसार कार्रवाई करने का निर्देश दिया।
मिथिलेश तिवारी ने बताया कि मामले की जांच के लिए डीएम की ओर से एक हाई पावर कमिटी गठित की गई है। उन्होंने कहा कि कमिटी की रिपोर्ट आने के बाद दोषियों के विरुद्ध तत्काल कार्रवाई की जाएगी। प्रभारी मंत्री ने पत्रकारों से जांच पूरी होने तक थोड़ा इंतजार करने की अपील भी की।
वहीं, जब मंत्री से पूछा गया कि घटना का वीडियो सामने आने के बावजूद कार्रवाई के लिए जांच की जरूरत क्यों है, तो उन्होंने कहा कि किसी भी मामले में कार्रवाई की एक निर्धारित प्रक्रिया होती है। वीडियो सामने है, लेकिन पूरे घटनाक्रम और तथ्यों की जांच के बाद ही नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
प्रभारी मंत्री ने भरोसा दिलाया कि हाई पावर कमिटी की अनुशंसा मिलते ही मामले में आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।






