मोतिहारी में प्रसव के बाद 22 वर्षीय महिला की मौत का मामला सामने आया है। मृतका की पहचान चहिलाहा कटहरिया, वार्ड नंबर-11 निवासी अरविंद कुमार की पत्नी विनीता कुमारी के रूप में हुई है। परिजनों के अनुसार विनीता की शादी साल 2021 में हुई थी। प्रसव के लिए उन्हें 18 अगस्त को एक निजी क्लिनिक में भर्ती कराया गया था।
19 अगस्त को विनीता ने जुड़वां बच्चों को जन्म दिया। बच्चों के जन्म से परिवार में खुशी का माहौल था, लेकिन प्रसव के कुछ समय बाद ही विनीता की तबीयत बिगड़ने लगी। परिजनों का आरोप है कि उनकी हालत लगातार खराब होने के बावजूद क्लिनिक में उचित देखरेख और समय पर इलाज नहीं किया गया।
मृतका के देवर दीपेश कुमार ने आरोप लगाया कि प्रसव के बाद विनीता की स्थिति गंभीर होती चली गई, लेकिन आवश्यक चिकित्सा सुविधा उपलब्ध नहीं कराई गई। परिवार का कहना है कि यदि समय रहते बेहतर इलाज मिलता, तो शायद विनीता की जान बचाई जा सकती थी।
दीपेश कुमार के मुताबिक, 20 अगस्त की रात करीब 10 बजे विनीता की मौत हो गई। जुड़वां बच्चों के जन्म के महज एक दिन बाद ही दोनों नवजात अपनी मां से हमेशा के लिए दूर हो गए।
घटना के बाद परिजनों ने मामले की निष्पक्ष जांच और जिम्मेदार लोगों पर कार्रवाई की मांग की है। हालांकि, महिला की मौत की वास्तविक वजह जांच पूरी होने के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी।
नगर थाना प्रभारी राजीव रंजन ने बताया कि पुलिस को मामले की जानकारी मिली है और पूरे घटनाक्रम की जांच की जा रही है। परिजनों के आवेदन और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। इलाज में लापरवाही के आरोपों की भी जांच हो रही है।
फिलहाल परिवार एक तरफ विनीता को खोने के गम में है, तो दूसरी तरफ दोनों नवजात बच्चों की देखभाल की जिम्मेदारी भी परिवार के सामने है। इस घटना ने प्रसव के बाद महिलाओं की निगरानी और आपात स्थिति में तत्काल इलाज की व्यवस्था को लेकर गंभीर सवाल खड़े किए हैं।






