नई दिल्ली: पूर्णिया से निर्दलीय सांसद पप्पू यादव (राजेश रंजन) पर उनके दिल्ली स्थित आवास पर कथित चाकू से हमला करने की कोशिश का मामला सामने आया है। घटना उस समय हुई जब वह अपने घर पर मीडिया से बातचीत कर रहे थे। इसी दौरान एक व्यक्ति उनके आवास में पहुंचा और कथित तौर पर उन पर हमला करने का प्रयास किया। मौके पर मौजूद समर्थकों ने तुरंत आरोपी को पकड़ लिया और उसकी पिटाई कर दी। बाद में उसे दिल्ली पुलिस के हवाले कर दिया गया।
पुलिस ने आरोपी को हिरासत में लेकर मामले की जांच शुरू कर दी है। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, घटनास्थल से एक चाकू भी बरामद किया गया है। घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है, हालांकि पुलिस अभी सभी तथ्यों की पुष्टि करने में जुटी है।
घटना के बाद सांसद पप्पू यादव ने दावा किया कि यह उनकी हत्या की साजिश थी। उन्होंने कहा कि उन्हें पिछले कई दिनों से लगातार धमकियां मिल रही थीं और इस संबंध में वह पहले ही कई एफआईआर दर्ज करा चुके हैं। उन्होंने सवाल उठाया कि इतनी सुरक्षा व्यवस्था के बावजूद कोई व्यक्ति उनके घर के भीतर कैसे पहुंच गया।
पप्पू यादव ने कहा, “वह व्यक्ति चाकू लेकर मुझे मारने आया था। मैं डरने वाला नहीं हूं। अगर कोई मुझे मारना चाहता है तो मार ले, लेकिन मैं सच बोलना नहीं छोड़ूंगा। कुछ लोग लगातार मुझे धमकियां दे रहे थे और मेरी हत्या की साजिश रची गई थी, लेकिन मैं बच गया।”
घटना के बाद उनके समर्थकों ने भी सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल उठाए। उनका आरोप है कि हमलावर को पकड़ने के बजाय पुलिस उसे बचाने का प्रयास कर रही थी। हालांकि दिल्ली पुलिस ने इस मामले पर आधिकारिक रूप से विस्तृत बयान जारी नहीं किया है और जांच जारी होने की बात कही है।
इस घटना की चर्चा हाल ही में संसद परिसर में हुए एक विवादित प्रदर्शन से भी जुड़ रही है। मानसून सत्र के दौरान पप्पू यादव ने विपक्षी नेताओं के साथ मिलकर अयोध्या राम मंदिर में कथित चढ़ावा चोरी के मुद्दे पर संसद के मकर द्वार के बाहर प्रतीकात्मक प्रदर्शन किया था। इस प्रदर्शन में उन्होंने भगवा वस्त्र पहनकर पुजारी की भूमिका निभाई थी, जिसे लेकर कई हिंदू संगठनों और संत समाज ने आपत्ति जताई थी। इसके बाद दिल्ली, वाराणसी सहित कई स्थानों पर उनके खिलाफ एफआईआर भी दर्ज कराई गई थीं। फिलहाल पुलिस हमले के कारणों और सभी पहलुओं की जांच कर रही है।






