बोकारो के बाल सुधार गृह में रह रहे किशोरों की तबीयत अचानक खराब होने से स्वास्थ्य विभाग में हड़कंप मच गया। एक साथ कई बच्चों के बीमार होने की सूचना मिलने के बाद चिकित्सकों की टीम तत्काल बाल सुधार गृह पहुंची और सभी किशोरों की स्वास्थ्य जांच के साथ आवश्यक सैंपल लेने का कार्य शुरू किया। अधिक कमजोरी, खांसी और बुखार की शिकायत वाले दो किशोरों को बेहतर इलाज के लिए सदर अस्पताल भेजा गया है, जहां चिकित्सकों की निगरानी में उनका उपचार चल रहा है।
जानकारी के अनुसार, बाल सुधार गृह में रह रहे किशोरों की तबीयत खराब होने की सूचना बुधवार को स्वास्थ्य विभाग को मिली थी। इसके बाद कुल 16 किशोरों को इलाज के लिए सदर अस्पताल लाया गया। प्राथमिक उपचार के बाद 15 किशोरों की स्थिति सामान्य होने पर उन्हें वापस बाल सुधार गृह भेज दिया गया था। हालांकि गुरुवार को फिर से कई बच्चों की तबीयत बिगड़ने की सूचना मिली, जिसके बाद स्वास्थ्य विभाग की टीम दोबारा मौके पर पहुंची और सभी की जांच की।
सिविल सर्जन डॉ. अभय भूषण प्रसाद ने बताया कि स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है। उन्होंने कहा कि बाल सुधार गृह को अस्थायी रूप से स्वास्थ्य निगरानी केंद्र के रूप में विकसित किया गया है, जहां दो चिकित्सकों और स्वास्थ्यकर्मियों की टीम की तैनाती की गई है। यह टीम बच्चों के स्वास्थ्य की नियमित जांच करेगी और प्रतिदिन सुबह एवं शाम मेडिकल बुलेटिन भी जारी किया जाएगा।
वहीं, चिकित्सक डॉ. विकास कुमार ने बताया कि प्रारंभिक जांच में अधिकांश किशोर वायरल फीवर से पीड़ित पाए गए हैं। दो किशोरों में कमजोरी और बुखार की शिकायत अधिक होने के कारण उन्हें सदर अस्पताल में भर्ती कराया गया है। सभी आवश्यक चिकित्सीय जांच कराई जा रही हैं और उनकी स्थिति पर लगातार निगरानी रखी जा रही है।
डॉक्टरों का कहना है कि मौसम में बदलाव के कारण वायरल संक्रमण के मामले बढ़ रहे हैं। फिलहाल घबराने की जरूरत नहीं है, लेकिन एहतियात के तौर पर सभी बच्चों का उपचार और स्वास्थ्य परीक्षण लगातार जारी रहेगा।
संवाददाता: चंदन सिंह, बोकारो





