बिहार पुलिस मुख्यालय द्वारा पुलिसिंग व्यवस्था को और अधिक प्रभावी और जनोन्मुखी बनाने के लिए नई पहल शुरू की गई है। इसके तहत वरीय पुलिस पदाधिकारी विभिन्न थानों को गोद लेकर उनकी कार्यप्रणाली की निगरानी करेंगे। इसी कड़ी में कोसी रेंज के डीआईजी डॉ. कुमार आशीष ने सहरसा सदर थाना का निरीक्षण किया और लंबित मामलों के शीघ्र निष्पादन के साथ बेहतर पुलिसिंग व्यवस्था पर जोर दिया।
शनिवार को कोसी रेंज के डीआईजी डॉ. कुमार आशीष सहरसा सदर थाना पहुंचे, जहां उन्होंने थाना की कार्यप्रणाली का विस्तृत निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने थाने में दर्ज लंबित कांडों की समीक्षा की और उनके निष्पादन की प्रगति की जानकारी ली। समीक्षा के दौरान उन्होंने संबंधित पुलिस अधिकारियों को लंबित मामलों का त्वरित निष्पादन सुनिश्चित करने का निर्देश दिया।
निरीक्षण के दौरान डीआईजी ने थाना परिसर की व्यवस्थाओं, अभिलेखों के रख-रखाव, फरियादियों के लिए उपलब्ध सुविधाओं तथा पुलिस-जन संवाद की स्थिति का भी जायजा लिया। उन्होंने यह भी देखा कि थाने में आने वाले लोगों की शिकायतों का समाधान किस प्रकार किया जा रहा है और पुलिस फ्रेंडली माहौल बनाने के लिए क्या प्रयास किए जा रहे हैं।
डीआईजी ने अधिकारियों को निर्देश देते हुए कहा कि आम लोगों की समस्याओं का त्वरित और निष्पक्ष समाधान पुलिस की प्राथमिक जिम्मेदारी है। उन्होंने कहा कि थानों में जनता का विश्वास बढ़ाने के लिए संवेदनशील और जवाबदेह पुलिसिंग की आवश्यकता है। समीक्षा के दौरान जिन मामलों में लंबित कांडों की संख्या अधिक पाई गई, उन्हें प्राथमिकता के आधार पर निष्पादित करने का निर्देश दिया गया।
उन्होंने कहा कि पुलिस मुख्यालय की इस नई पहल का उद्देश्य थानों की कार्यक्षमता बढ़ाना, जवाबदेही तय करना और आम जनता को बेहतर पुलिस सेवा उपलब्ध कराना है। सहरसा सदर थाना को मॉडल थाना के रूप में विकसित करने की दिशा में लगातार निगरानी और सुधारात्मक कदम उठाए जाएंगे, ताकि लोगों को पारदर्शी और प्रभावी पुलिस व्यवस्था का लाभ मिल सके।