शेखपुरा: बिहार के शेखपुरा जिले में बैंकों के आसपास ग्राहकों को खुदरा रुपये बदलने का झांसा देकर ठगी करने वाले गिरोह के दो आरोपियों को टाउन थाना पुलिस ने गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान मनोज कुमार उर्फ मनोज पांडे और रवि मिश्रा के रूप में हुई है। दोनों को पटना जिले के बख्तियारपुर थाना क्षेत्र के नया टोला से छापेमारी कर पकड़ा गया है। पुलिस के अनुसार, आरोपियों की संलिप्तता शेखपुरा के अलावा नालंदा, गया और औरंगाबाद समेत कई जिलों में हुई ठगी की घटनाओं में सामने आई है।
रविवार को टाउन थाना परिसर में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में थानाध्यक्ष धर्मेंद्र कुमार ने पूरे मामले की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि पचना गांव निवासी अफरोज आलम ने थाने में आवेदन देकर ठगी की शिकायत दर्ज कराई थी।
अफरोज आलम के अनुसार, वह केनरा बैंक की पचना शाखा में विद्यालय का पैसा जमा करने पहुंचे थे। इसी दौरान एक अनजान व्यक्ति ने उनसे 100 और 200 रुपये के खुदरा नोट मांगे। आरोपी ने 26 हजार रुपये के खुदरा नोटों के बदले उन्हें 500-500 रुपये के नोटों की गड्डी थमा दी। लेकिन जब उन्होंने बाद में रुपये की गिनती की तो गड्डी में केवल 500 रुपये के चार नोट मिले, जबकि बाकी नोट 100 और 50 रुपये के थे। इस तरह उनके साथ करीब 19 हजार रुपये की ठगी कर ली गई।
थानाध्यक्ष ने बताया कि इसी तरह की घटना कुसुंभा थाना क्षेत्र की एक महिला के साथ भी हुई थी। जिले के अन्य बैंकों के आसपास भी इस तरह की शिकायतें मिल रही थीं।
लगातार मिल रही शिकायतों के बाद एसपी के निर्देश पर पुलिस ने बैंकों में लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज खंगाले। इसके आधार पर आरोपियों की तस्वीर सार्वजनिक कर लोगों से पहचान में सहयोग मांगा गया। जांच के बाद पुलिस ने दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया।
हालांकि, इस गिरोह का एक अन्य आरोपी अभी भी फरार है। पुलिस उसकी गिरफ्तारी के लिए आगे की कार्रवाई में जुटी है। छापेमारी टीम में थानाध्यक्ष धर्मेंद्र कुमार के साथ राकेश कुमार, रोशन कुमार समेत अन्य पुलिसकर्मी शामिल थे।






