गोपालगंज। गोपालगंज के पुलिस अधीक्षक विनय तिवारी के नाम और तस्वीर का दुरुपयोग कर फर्जी इंस्टाग्राम अकाउंट चलाने वाले आरोपी के खिलाफ साइबर पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। साइबर पुलिस ने तकनीकी जांच के आधार पर उत्तर प्रदेश के गाजीपुर जिले से आरोपी को गिरफ्तार किया है। पूछताछ और कानूनी प्रक्रिया पूरी करने के बाद आरोपी को न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया।
फर्जी अकाउंट पर पुलिस की नजर
पुलिस के अनुसार, 10 सितंबर 2026 को सोशल मीडिया मॉनिटरिंग के दौरान साइबर सेल को जानकारी मिली कि गोपालगंज एसपी विनय तिवारी के नाम और उनकी आधिकारिक तस्वीर का इस्तेमाल कर एक फर्जी इंस्टाग्राम आईडी संचालित की जा रही है। पुलिस को आशंका थी कि इस अकाउंट के जरिए लोगों के साथ ऑनलाइन धोखाधड़ी करने का प्रयास किया जा रहा है।
साइबर डीएसपी के नेतृत्व में जांच
मामले की गंभीरता को देखते हुए साइबर पुलिस उपाधीक्षक के नेतृत्व में विशेष टीम का गठन किया गया। टीम ने फर्जी इंस्टाग्राम प्रोफाइल की तकनीकी जांच शुरू की। जांच के दौरान ‘सोनू कश्यप 9328’ नाम से संचालित प्रोफाइल के संबंध में पुलिस को कई महत्वपूर्ण तकनीकी साक्ष्य मिले। इन साक्ष्यों के आधार पर फर्जी अकाउंट के संचालन की पुष्टि हुई।
इसके बाद साइबर थाना में कांड संख्या 122/26, दिनांक 10 सितंबर 2026 को दर्ज किया गया और मामले की जांच आगे बढ़ाई गई।
गाजीपुर से आरोपी गिरफ्तार
तकनीकी साक्ष्यों और लोकेशन के आधार पर पुलिस ने आरोपी की पहचान उत्तर प्रदेश के गाजीपुर जिले के शादियाबाद थाना क्षेत्र के कस्बा कोइरी गांव निवासी हरिश्चंद्र कश्यप के पुत्र सोनू कश्यप के रूप में की। इसके बाद साइबर पुलिस की टीम ने गाजीपुर पहुंचकर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ के बाद आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूरी करते हुए उसे न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया।
पुलिस की लोगों से अपील
गोपालगंज पुलिस ने लोगों से अपील की है कि सोशल मीडिया पर किसी व्यक्ति की पहचान, तस्वीर या अन्य विवरण का गलत इस्तेमाल कर बनाए गए संदिग्ध अकाउंट से सावधान रहें। ऐसे किसी भी फर्जी या संदिग्ध ऑनलाइन अकाउंट की जानकारी तत्काल साइबर थाना या स्थानीय पुलिस को दें। पुलिस ने कहा है कि सोशल मीडिया पर फर्जीवाड़ा करने वालों के खिलाफ डिजिटल निगरानी और कार्रवाई लगातार जारी रहेगी।






