सहरसा: सहरसा व्यवहार न्यायालय परिसर से रविवार देर शाम पुलिस हिरासत से एक आरोपी के फरार होने की घटना से कुछ देर के लिए अफरा-तफरी का माहौल बन गया। हालांकि पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए त्वरित कार्रवाई की और करीब आधे घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद आरोपी को कोर्ट परिसर के सामने स्थित सतपोखरा के पास से दोबारा गिरफ्तार कर लिया। घटना के बाद न्यायालय परिसर की सुरक्षा व्यवस्था और पुलिस अभिरक्षा में बरती गई लापरवाही पर सवाल उठने लगे हैं।
गिरफ्तार आरोपी की पहचान सोनबरसा राज थाना क्षेत्र के सोहा रजवाड़ा वार्ड संख्या-5 निवासी नितीश कुमार के रूप में हुई है। पुलिस के अनुसार, उसके खिलाफ काशनगर थाना क्षेत्र में 17 जुलाई को वीडियो कैमरा छीनने का मामला दर्ज किया गया था। इसी मामले में पुलिस ने 18 जुलाई की रात उसे गिरफ्तार किया था। रविवार को कानूनी प्रक्रिया के तहत उसे पेशी के लिए सहरसा व्यवहार न्यायालय लाया गया था।
बताया जाता है कि पेशी के दौरान आरोपी ने शौचालय जाने की अनुमति मांगी। इसी दौरान उसने पुलिसकर्मियों को चकमा दिया और अभिरक्षा से भाग निकला। आरोपी के फरार होने की सूचना मिलते ही कोर्ट परिसर में मौजूद पुलिसकर्मियों के बीच हड़कंप मच गया। आनन-फानन में सभी निकास मार्गों की घेराबंदी की गई और आसपास के इलाकों में उसकी तलाश शुरू कर दी गई।
पुलिस टीम ने लगातार पीछा करते हुए कोर्ट परिसर के सामने स्थित सतपोखरा के पास आरोपी को घेर लिया और उसे दोबारा गिरफ्तार कर लिया। इस पूरी कार्रवाई में करीब आधे घंटे का समय लगा। आरोपी को पकड़ने के बाद पुलिस ने राहत की सांस ली और उसे फिर से अभिरक्षा में लेकर न्यायिक प्रक्रिया आगे बढ़ाई।
सिमरी बख्तियारपुर के एसडीपीओ मुकेश कुमार ठाकुर ने बताया कि पुलिस हिरासत से फरार होने के मामले में आरोपी के खिलाफ सहरसा सदर थाना में एक अलग प्राथमिकी दर्ज की जाएगी। उन्होंने कहा कि आरोपी को न्यायिक हिरासत में भेजने की प्रक्रिया पूरी की जा रही है। वहीं, इस घटना के बाद कोर्ट परिसर की सुरक्षा व्यवस्था और पुलिस की सतर्कता को लेकर गंभीर सवाल उठ रहे हैं। अब पुलिस पूरे मामले की जांच कर यह भी पता लगाएगी कि आरोपी किस परिस्थिति में पुलिस अभिरक्षा से भागने में सफल हुआ और इस लापरवाही के लिए कौन जिम्मेदार है।






