सहरसा जिले के सिमरी बख्तियारपुर प्रखंड अंतर्गत महखर गांव के किसान परिवार से आने वाले विभांशु राज ने NEET 2026 में शानदार सफलता हासिल कर अपने परिवार, गांव और जिले का नाम रोशन किया है। किसान गजेंद्र प्रसाद यादव और शिक्षिका किरण कुमारी के पुत्र विभांशु ने ऑल इंडिया रैंक (AIR) 12,672 प्राप्त कर मेडिकल शिक्षा की राह में बड़ी उपलब्धि दर्ज की है। उनकी सफलता संघर्ष, धैर्य और लगातार मेहनत का प्रेरणादायक उदाहरण बन गई है।
ग्रामीण परिवेश में पले-बढ़े विभांशु ने बताया कि यह उनका तीसरा प्रयास था। पहले दो प्रयासों में सही रणनीति और उचित मार्गदर्शन के अभाव में उन्हें सफलता नहीं मिल सकी। हालांकि उन्होंने असफलता को अपनी कमजोरी नहीं बनने दिया। अपनी गलतियों का विश्लेषण किया, पढ़ाई का तरीका बदला और पूरी लगन व अनुशासन के साथ तैयारी में जुट गए।
उन्होंने बताया कि तीसरे प्रयास के दौरान वह सहरसा में अपने जीजा रामप्रवेश फौजी के घर रहकर पढ़ाई करते थे। वहां मिले अनुशासित माहौल और परिवार के सहयोग ने उनकी तैयारी को नई दिशा दी। विभांशु अपनी सफलता का श्रेय माता-पिता के अटूट विश्वास, जीजा के मार्गदर्शन और अपनी मेहनत को देते हैं।
विभांशु की सफलता की खबर मिलते ही महखर गांव में खुशी की लहर दौड़ गई। परिजनों, रिश्तेदारों, शिक्षकों और ग्रामीणों ने उन्हें मिठाई खिलाकर बधाई दी और उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाएं दीं। ग्रामीणों का कहना है कि सीमित संसाधनों के बावजूद विभांशु ने यह साबित कर दिया कि मजबूत इरादे और निरंतर प्रयास से कोई भी लक्ष्य हासिल किया जा सकता है।
NEET की तैयारी कर रहे विद्यार्थियों को संदेश देते हुए विभांशु ने कहा कि असफलता अंत नहीं होती, बल्कि बेहतर तैयारी का अवसर देती है। यदि सही दिशा, अनुशासन और आत्मविश्वास के साथ लगातार मेहनत की जाए तो सफलता निश्चित रूप से मिलती है। उनकी यह उपलब्धि ग्रामीण क्षेत्रों के हजारों छात्रों के लिए प्रेरणा का स्रोत बन गई है।
संवाददाता: इन्द्रदेव जी







