बिहार में पिछले कई दिनों से पड़ रही भीषण गर्मी के बीच अब लोगों को राहत मिलने की उम्मीद जगी है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने सोमवार को राज्य के 19 जिलों के लिए बारिश का ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। इन जिलों में 50 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवा चलने, गरज-चमक के साथ बारिश और वज्रपात की संभावना जताई गई है। मौसम विभाग ने लोगों से खराब मौसम के दौरान खुले स्थानों पर नहीं जाने और सुरक्षित स्थानों पर रहने की अपील की है।
रविवार देर रात राजधानी पटना में हुई बारिश के बाद मौसम का मिजाज बदला और तापमान में गिरावट दर्ज की गई। इससे लोगों को उमस भरी गर्मी से कुछ राहत मिली। वहीं गया समेत कई जिलों में भी बारिश होने से मौसम सुहावना हुआ। हालांकि कैमूर जिले में रविवार को अधिकतम तापमान 41.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो राज्य में सबसे अधिक रहा। इसके अलावा सात जिलों में तापमान 40 डिग्री सेल्सियस से ऊपर रिकॉर्ड किया गया।
मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार अगले 24 से 48 घंटों के दौरान बंगाल की खाड़ी से नमी वाली हवाओं का प्रवाह बढ़ेगा, जिससे बिहार में मानसून दोबारा सक्रिय होने की संभावना है। इसके प्रभाव से राज्य के कई हिस्सों में अच्छी बारिश होगी और तापमान में 2 से 4 डिग्री सेल्सियस तक गिरावट आ सकती है।
उधर, भीषण गर्मी को देखते हुए पटना जिला प्रशासन ने एहतियातन बड़ा फैसला लिया है। जिलाधिकारी के आदेश के अनुसार 22 जून से 27 जून 2026 तक जिले के सभी सरकारी और निजी विद्यालयों में प्री-स्कूल से लेकर कक्षा 8 तक की शैक्षणिक गतिविधियां स्थगित रहेंगी। प्रशासन ने यह निर्णय बच्चों के स्वास्थ्य और सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए लिया है।
मौसम विभाग ने लोगों से अपील की है कि तेज हवा, आंधी और वज्रपात के दौरान पेड़ों और खुले मैदानों से दूर रहें तथा मौसम विभाग द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का पालन करें।






