बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार 16 जनवरी 2026 से राज्यव्यापी ‘प्रगति यात्रा’ पर निकलेंगे। इस यात्रा के तहत मुख्यमंत्री बिहार के सभी जिलों का दौरा कर विकास योजनाओं की जमीनी हकीकत का जायजा लेंगे और नई योजनाओं की सौगात देंगे। यह यात्रा 26 फरवरी 2026 तक चलेगी।
मुख्यमंत्री की प्रगति यात्रा की शुरुआत 16 जनवरी को पश्चिम चंपारण से होगी। इसके बाद 17 जनवरी को पूर्वी चंपारण, 19 जनवरी को सीतामढ़ी, 20 जनवरी को गोपालगंज, 21 जनवरी को सिवान और 22 जनवरी को सारण जिले का भ्रमण प्रस्तावित है। 23 जनवरी को मुजफ्फरपुर और 24 जनवरी को कर्पूरी ठाकुर जयंती सह वैशाली कार्यक्रम में मुख्यमंत्री शामिल होंगे।
यात्रा के दौरान मुख्यमंत्री विभिन्न जिलों में प्रगति यात्रा से जुड़ी योजनाओं का स्थल निरीक्षण, महत्वपूर्ण परियोजनाओं का शिलान्यास व उद्घाटन, जन संवाद कार्यक्रम तथा जिला स्तरीय समीक्षा बैठक करेंगे। इसके अलावा संबंधित विभागों के अपर मुख्य सचिव, प्रधान सचिव और सचिव मौके पर मौजूद रहेंगे।
प्रगति यात्रा के क्रम में 27 जनवरी को समस्तीपुर, 28 जनवरी को दरभंगा, 29 जनवरी को मधुबनी, 30 जनवरी को बेगूसराय, 31 जनवरी को खगड़िया और 2 फरवरी को मुंगेर जिले का दौरा निर्धारित है। इसके बाद 3 फरवरी को सहरसा, 4 फरवरी को मधेपुरा और 5 फरवरी को अररिया पहुंचेंगे।
यात्रा के अंतिम चरण में मुख्यमंत्री 19 फरवरी को जहानाबाद, 20 फरवरी को रोहतास, 21 फरवरी को कैमूर, 22 फरवरी को भोजपुर, 23 फरवरी को बक्सर, 25 फरवरी को नालंदा और 26 फरवरी को पटना पहुंचकर प्रगति यात्रा का समापन करेंगे।
मुख्य सचिव प्रत्यय अमृत द्वारा जारी निर्देश में सभी
जिलाधिकारियों, पुलिस अधीक्षकों और संबंधित विभागों को यात्रा के दौरान पूर्ण तैयारी और समन्वय के साथ उपस्थित रहने को कहा गया है। सरकार का कहना है कि इस यात्रा का मुख्य उद्देश्य विकास कार्यों की समीक्षा, जनता से सीधा संवाद और योजनाओं को और प्रभावी बनाना है।
