धनबाद। धनबाद क्रिकेट एसोसिएशन (DCA) के पूर्व महासचिव एस. ए. रहमान ने अपनी सदस्यता रद्द किए जाने के मामले में माननीय लोकपाल का दरवाजा खटखटाया है। उन्होंने निष्कासन के खिलाफ लोकपाल के समक्ष याचिका दायर करते हुए एसोसिएशन के फैसले को द्वेषपूर्ण और बदले की भावना से प्रेरित बताया है। इस संबंध में रहमान ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर पूरे मामले पर अपना पक्ष रखा और DCA प्रबंधन पर कई गंभीर आरोप लगाए।
रहमान ने कहा कि 16 अगस्त 2024 को हुए चुनाव में सचिव पद से अपनी उम्मीदवारी वापस लेने के बाद से ही उनके खिलाफ कथित तौर पर प्रतिशोध की भावना से कार्रवाई की जा रही है। उन्होंने अपने ऊपर लगाए गए आरोपों को पूरी तरह निराधार बताते हुए कहा कि उनके खिलाफ मीडिया में गलत बयानबाजी करने का कोई ठोस प्रमाण नहीं है।
उन्होंने एजीएम से जुड़ी तस्वीरों के आरोप पर भी सफाई दी। रहमान के अनुसार, बैठक के दौरान केवल तीन-चार सामान्य तस्वीरें ली गई थीं। उनका कहना है कि इसे गलत तरीके से प्रस्तुत किया जा रहा है। वित्तीय अनियमितताओं या हिसाब-किताब मांगने से जुड़े आरोपों को लेकर भी उन्होंने कहा कि 2006 से 2014 तक DCA के महासचिव के पद पर रहते हुए अथवा उसके बाद उन्हें इस संबंध में कोई पत्र या आधिकारिक नोटिस नहीं दिया गया।
रहमान ने DCA प्रबंधन पर तंज कसते हुए कहा कि एसोसिएशन उनके निष्कासन को लेकर जितनी ऊर्जा खर्च कर रही है, अगर उतनी मेहनत चार युवा क्रिकेटरों को तैयार करने में लगाई जाती तो धनबाद से कई राष्ट्रीय स्तर के खिलाड़ी निकल सकते थे।
उन्होंने कहा कि वह पूरे मामले को लेकर कानूनी प्रक्रिया का सहारा ले रहे हैं और उन्हें न्याय मिलने की उम्मीद है। साथ ही सोशल मीडिया पर उनके खिलाफ भ्रामक और कथित तौर पर गलत जानकारी फैलाने वालों को भी उन्होंने चेतावनी दी। रहमान ने कहा कि ऐसे लोगों के खिलाफ आपराधिक मानहानि का मुकदमा दर्ज कराया जा सकता है।
अब इस मामले में लोकपाल के समक्ष दायर याचिका पर आगे की कार्रवाई और फैसले का इंतजार है।अगर चाहें तो मैं इसी खबर के लिए 5 और ज्यादा दमदार वेबसाइट हेडलाइन और एक छोटा SEO स्लग भी बना सकता हूं।






