धनबाद : उत्तराखंड के हल्द्वानी में कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे की रैली के बाद मंच के कथित ‘शुद्धिकरण’ को लेकर राजनीतिक बयानबाजी तेज हो गई है। इस मामले को झारखंड युवा कांग्रेस ने गंभीरता से लेते हुए भाजपा पर तीखा हमला बोला है। झारखंड प्रदेश युवा कांग्रेस अध्यक्ष कुमार गौरव उर्फ सोनू ने इस घटना को कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे के साथ-साथ देश के दलित समाज का अपमान बताया है।
कुमार गौरव ने कहा कि यदि भाजपा के नेता कांग्रेस नेताओं के कार्यक्रम या मंच को अपवित्र बताकर उसका शुद्धिकरण करेंगे, तो कांग्रेस भी अब भाजपा नेताओं के जाने वाले स्थानों पर शुद्धिकरण अभियान चलाएगी। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा, “अब भाजपा के लोग जहां जाएंगे, वहां कांग्रेस शुद्धिकरण करेगी।”
धनबाद में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान कुमार गौरव ने भाजपा की कार्यशैली और कथित शुद्धिकरण की घटना पर कड़ा विरोध जताया। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में किसी व्यक्ति की जाति या सामाजिक पृष्ठभूमि के आधार पर इस तरह का व्यवहार करना बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है और कांग्रेस पार्टी इसे बर्दाश्त नहीं करेगी।
इस दौरान उन्होंने आगामी संगठनात्मक कार्यक्रमों की भी जानकारी दी। कुमार गौरव ने बताया कि चंदा चोरी और एमएमडीआर मामले को लेकर कांग्रेस पार्टी आगामी 7 सितंबर को रांची में राजभवन का घेराव करेगी। इस कार्यक्रम को लेकर युवा कांग्रेस ने प्रदेश स्तर पर व्यापक तैयारियां शुरू कर दी हैं।
उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय नेतृत्व के निर्देश पर युवा कांग्रेस 31 अगस्त को झारखंड के सभी 24 जिलों में मनुस्मृति का पुतला दहन करेगी। इसके माध्यम से युवा कांग्रेस सामाजिक भेदभाव और कथित जातिवादी मानसिकता के खिलाफ अपना विरोध दर्ज कराएगी।
प्रेस कॉन्फ्रेंस में कुमार गौरव ने अपने प्रदेश अध्यक्ष पद को लेकर चल रही चर्चाओं पर भी स्थिति स्पष्ट की। उन्होंने कहा कि अब उनके पद को लेकर किसी प्रकार का संशय नहीं है। राष्ट्रीय नेतृत्व ने उन्हें दोबारा पार्टी और संगठन के हित में काम करने का अवसर दिया है और वह प्रदेश अध्यक्ष के रूप में युवा कांग्रेस के कार्यक्रमों को आगे बढ़ा रहे हैं।
गौरतलब है कि इससे पहले युवा कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष उदय भानु चिब ने अनुशासनात्मक कार्रवाई करते हुए कुमार गौरव को उनके पद से होल्ड पर रखा था। हालांकि कुमार गौरव का कहना है कि पार्टी के भीतर अब स्थिति सामान्य है और वह पूरी सक्रियता के साथ संगठनात्मक गतिविधियों का नेतृत्व कर रहे हैं।





