लखीसराय जिले में लोक आस्था का महापर्व चैती छठ पूरे श्रद्धा, भक्ति और उत्साह के साथ मनाया जा रहा है। चार दिवसीय इस पावन अनुष्ठान के तीसरे दिन आज महावीर स्थान छठ घाट पर आस्था का अद्भुत दृश्य देखने को मिला, जहां बड़ी संख्या में छठव्रती महिलाएं और श्रद्धालु डूबते हुए सूर्य भगवान को अर्घ्य अर्पित करने पहुंचे।
घाट पर सुबह से ही श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ने लगी थी, जो शाम होते-होते विशाल जनसमूह में तब्दील हो गई। व्रती महिलाएं पारंपरिक परिधानों में सुसज्जित होकर पूरी श्रद्धा और नियम के साथ छठ पूजा की विधि-विधान में जुटी नजर आईं। हाथों में सूप और दौरा लिए, फल-फूल, ठेकुआ और अन्य प्रसाद के साथ वे भगवान भास्कर की उपासना करती दिखीं।
पूरे घाट परिसर में छठी मईया के गीतों और भजनों की गूंज से माहौल भक्तिमय बना रहा। श्रद्धालुओं के चेहरे पर आस्था और विश्वास की झलक साफ दिखाई दे रही थी। परिवार के अन्य सदस्य भी व्रतियों के साथ घाट पर मौजूद रहे और पूजा-अर्चना में सहयोग करते दिखे।
वहीं, चैती छठ को लेकर जिला प्रशासन भी पूरी तरह मुस्तैद नजर आया। श्रद्धालुओं की सुरक्षा और सुविधा को ध्यान में रखते हुए घाटों पर व्यापक इंतजाम किए गए हैं। पुलिस बल की तैनाती के साथ-साथ भीड़ नियंत्रण के लिए विशेष व्यवस्था की गई है। इसके अलावा साफ-सफाई, पेयजल और प्रकाश की समुचित व्यवस्था भी सुनिश्चित की गई है, ताकि किसी को कोई परेशानी न हो।
अब सभी की निगाहें कल सुबह उगते सूर्य को दिए जाने वाले अंतिम अर्घ्य पर टिकी हैं। इसी के साथ चार दिवसीय इस महापर्व का विधिवत समापन होगा। छठ पर्व आस्था, शुद्धता और प्रकृति के प्रति श्रद्धा का प्रतीक है, जो लोगों को एकजुट करने का भी काम करता है।
लखीसराय से संतोष कुमार गुप्ता की रिपोर्ट…
