बिहार के सकरोहर पंचायत से एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है, जहां 13 वर्षीय किशोर हिमांशु कुमार की हत्या कर शव को बहियार में छिपा दिया गया। पुलिस ने इस सनसनीखेज मामले में दो नाबालिग आरोपियों को गिरफ्तार किया है।
मृतक हिमांशु कुमार, सकरोहर पंचायत के वार्ड नंबर 13 निवासी कमल किशोर मालाकार का पुत्र था। जानकारी के अनुसार, गुरुवार को स्कूल से घर लौटने के बाद वह अपने दरवाजे पर खेल रहा था, तभी अचानक लापता हो गया। परिजनों ने काफी खोजबीन की, लेकिन उसका कोई पता नहीं चला। इसके बाद उसकी मां अनुजा देवी ने थाना में आवेदन देकर अपहरण की आशंका जताई थी और गांव के कुछ लोगों पर पुरानी रंजिश के तहत साजिश रचने का आरोप लगाया था।
इसी बीच पुलिस को गुप्त सूचना मिली कि अपहृत बालक की हत्या कर उसका शव गांव के उत्तर स्थित महेशलक्खा बहियार में छिपा दिया गया है। सूचना मिलते ही गोगरी एसडीपीओ साक्षी कुमारी के नेतृत्व में बेलदौर पुलिस टीम मौके पर पहुंची और शव को बरामद किया।
जांच के दौरान पुलिस ने इस वारदात में शामिल दो किशोरों को गिरफ्तार किया, जो क्रमशः कक्षा 9 और कक्षा 8 के छात्र हैं। पूछताछ में खुलासा हुआ कि करीब 10 दिन पहले गांव में हुई चोरी की घटना में मृतक और दोनों आरोपी शामिल थे। उस समय हिमांशु की निशानदेही पर दोनों आरोपी ग्रामीणों के हत्थे चढ़े थे और चोरी का सामान भी बरामद हुआ था। इसी बात से नाराज होकर दोनों ने हत्या की साजिश रची।
गुरुवार को आरोपियों ने हिमांशु को अंडा खिलाने के बहाने उसमें नशीली दवा मिलाकर बेहोश किया। इसके बाद उसे महेशलक्खा बहियार ले जाकर पहले उसके हाथ बांधे और फिर गला दबाकर हत्या कर दी। हत्या के बाद शव को छिपाने के उद्देश्य से चाकू से शरीर और गर्दन पर कई वार किए गए।
पुलिस ने आरोपियों की निशानदेही पर हत्या में प्रयुक्त चाकू, एक हाथ का कड़ा, चांदी की हनुमान चकती और एक मोबाइल बरामद किया है। इस मामले में कांड संख्या 90/26 दर्ज कर आगे की कार्रवाई की जा रही है। पुलिस ने दोनों विधि-विरुद्ध बालकों को निरुद्ध कर न्यायिक प्रक्रिया शुरू कर दी है।
