सहरसा सावन की दूसरी सोमवारी पर सहरसा जिले के सिमरी बख्तियारपुर प्रखंड स्थित प्रसिद्ध बाबा मटेश्वर धाम में आस्था का ऐसा सैलाब उमड़ा कि पूरा इलाका हर-हर महादेव और बोल बम के जयघोष से गूंज उठा। सुबह से ही मंदिर परिसर में श्रद्धालुओं और कांवरियों की भारी भीड़ देखने को मिली। दूर-दराज से पहुंचे भक्तों ने बाबा मटेश्वरनाथ का जलाभिषेक कर सुख-समृद्धि की कामना की।
मुंगेर घाट से गंगाजल लेकर करीब 85 किलोमीटर की पैदल यात्रा करने के बाद बड़ी संख्या में कांवरिए बाबा मटेश्वर धाम पहुंचे। कंधे पर कांवर और हाथों में गंगाजल लिए कांवरियों का जत्था रात से ही मंदिर की ओर बढ़ता रहा। रास्ते की थकान और लंबी दूरी भी भोलेनाथ के प्रति उनकी आस्था को डिगा नहीं सकी।
मंदिर पहुंचने के बाद श्रद्धालुओं को जलाभिषेक के लिए लंबी कतार में अपनी बारी का इंतजार करना पड़ा। कतार में खड़े भक्त लगातार भोलेनाथ का जयघोष करते नजर आए। अपनी बारी आने पर श्रद्धालुओं ने बाबा मटेश्वरनाथ के शिवलिंग पर गंगाजल अर्पित कर विधि-विधान से पूजा-अर्चना की।
श्रद्धालुओं का कहना था कि बाबा भोलेनाथ के प्रति उनकी आस्था ही उन्हें इतनी लंबी दूरी तय करने की शक्ति देती है। कांवरियों के अनुसार, सावन में बाबा के दरबार तक पहुंचकर जल चढ़ाना उनके लिए बेहद खास धार्मिक संकल्प है।
भारी भीड़ को देखते हुए प्रशासन की ओर से भी सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए गए थे। पुलिस बल और प्रशासनिक अधिकारी मंदिर परिसर तथा आसपास के क्षेत्रों में लगातार निगरानी करते रहे। भीड़ को नियंत्रित करने के साथ श्रद्धालुओं की सुविधा का भी विशेष ध्यान रखा गया।
वहीं, स्थानीय समाजसेवी, जनप्रतिनिधि और मंदिर से जुड़े कार्यकर्ता श्रद्धालुओं की सेवा में जुटे रहे। जगह-जगह पेयजल, साफ-सफाई और अन्य सुविधाओं की व्यवस्था की गई थी।
सावन की दूसरी सोमवारी पर बाबा मटेश्वर धाम में उमड़ा जनसैलाब एक बार फिर श्रद्धालुओं की अटूट आस्था की तस्वीर पेश करता नजर आया। पूरे धाम में देर तक सिर्फ एक ही जयघोष सुनाई देता रहा—हर-हर महादेव… बोल बम… बम-बम भोले।






