पश्चिमी चंपारण जिले के बेतिया में होली के रंग इस बार फीके पड़ गए हैं। ईरान और इज़रायल के बीच जारी युद्ध और पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव की आंच अब बिहार तक पहुंच गई है। ओमान की खाड़ी में हुए मिसाइल हमले में मर्चेंट नेवी के कैप्टन आशीष कुमार की मौत की पुष्टि ने पूरे इलाके को गमगीन कर दिया है।
जानकारी के अनुसार, 1 मार्च की सुबह तेल टैंकर ‘स्काईलाइट’ ओमान की खाड़ी के खासाब तट के पास खड़ा था, तभी उस पर अचानक मिसाइल से हमला हुआ। हमले के बाद जहाज पर अफरातफरी मच गई। अधिकांश क्रू मेंबर्स को सुरक्षित बचा लिया गया, लेकिन कैप्टन आशीष कुमार लापता हो गए थे। बुधवार को दुबई स्थित शिपिंग कंपनी ने परिजनों को आधिकारिक रूप से उनकी मौत की सूचना दी।
करीब 16 वर्षों के अनुभव के साथ आशीष मर्चेंट नेवी में एक सीनियर और जिम्मेदार अधिकारी थे। वे पिछले छह महीनों से घर पर छुट्टी बिता रहे थे और 22 जनवरी 2026 को ही दुबई की कंपनी में नई ड्यूटी जॉइन की थी। घर से निकलते समय उन्होंने परिवार से वादा किया था कि होली पर जरूर लौटेंगे। लेकिन नियति को कुछ और ही मंजूर था।
28 फरवरी की रात उन्होंने अपनी पत्नी और मां से आखिरी बार फोन पर बात की थी। मां से उन्होंने कहा था, “मां, इस बार होली पर घर आऊंगा।” अब वही घर चीख-पुकार और आंसुओं से गूंज रहा है। परिवार में उनकी पत्नी, चार साल का मासूम बेटा और वृद्ध मां हैं, जिन पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है।
कैप्टन आशीष कुमार की मौत की खबर मिलते ही बेतिया के उनके गांव में मातम पसर गया। पड़ोसी, रिश्तेदार और शुभचिंतक लगातार घर पहुंचकर परिवार को सांत्वना दे रहे हैं। होली के त्योहार से पहले यह खबर पूरे इलाके के लिए गहरा आघात बनकर आई है।
