एक परिसर में 12 से ज्यादा जातियों के मंदिर! नवादा का सीतामढ़ी गांव बना सामाजिक समरसता की अनोखी मिसाल

बिहार के नवादा जिले के मेसकौर प्रखंड का सीतामढ़ी गांव अपनी अनोखी धार्मिक और सामाजिक परंपरा के कारण चर्चा में है। इस गांव में एक ही परिसर के भीतर 12 से अधिक अलग-अलग जातियों के मंदिर मौजूद हैं, जहां प्रत्येक मंदिर में उसी समाज के पुजारी पारंपरिक रीति-रिवाजों से पूजा-अर्चना करते हैं। सदियों पुरानी यह व्यवस्था आज भी सामाजिक समरसता, भाईचारे और विविधता की मिसाल बनी हुई है।

परिसर में राजवंशी, स्वर्णकार, कुशवाहा, तांती, रजक, चौहान, चौधरी, दांगी सहित कई समाजों के मंदिर हैं। राजवाड़ राजवंशी महावीर ठाकुरबाड़ी स्वतंत्रता सेनानियों एतवा रजवार, जवाहिर रजवार और फतह उर्फ कारू राजबार की स्मृतियों से जुड़ी है। वहीं स्वर्णकार समाज के मंदिर में भगवान राम, सीता, लक्ष्मण, हनुमान और संत नरहरी जी महाराज की प्रतिमाएं स्थापित हैं।

Sponsored Advertisement

लव-कुश मंदिर कुशवाहा समाज की आस्था का केंद्र है, जबकि सूर्यनारायण मंदिर तांती समाज के लिए बेहद महत्वपूर्ण है। यहां समाज की शादियों की बातचीत तय होती है और कई विवाह समारोह भी आयोजित किए जाते हैं। परिसर में भोला रजक मंदिर, महाराजा जरासंध मंदिर, चौहान ठाकुरबाड़ी और माता शबरी मंदिर भी मौजूद हैं। माता शबरी मंदिर की नींव वर्ष 1993 में माउंटेन मैन दशरथ मांझी ने रखी थी।

यहीं स्थित कबीर मठ में रविदास समाज के प्रसिद्ध वैद्य बाबा चमारिया दास की प्रतिमा और समाधि भी है। ग्रामीणों के अनुसार वे जड़ी-बूटियों से निःशुल्क इलाज करते थे और पूरे मगध क्षेत्र में उनकी विशेष पहचान थी।

इतनी ऐतिहासिक और सांस्कृतिक विरासत होने के बावजूद गांव आज भी बुनियादी सुविधाओं से वंचित है। पेयजल और नल-जल योजना जैसी आवश्यक सुविधाओं का अभाव बना हुआ है। ग्रामीणों ने कई बार प्रशासन से गुहार लगाई, लेकिन अब तक कोई ठोस समाधान नहीं निकल सका। सीतामढ़ी गांव आज सामाजिक एकता की प्रेरक मिसाल होने के साथ-साथ विकास की प्रतीक्षा भी कर रहा है।

  • Related Posts

    हाथियों का तांडव: टुंडी में सहायक अध्यापक को कुचलकर मौत, ग्रामीणों में आक्रोश

    धनबाद। जिले से सटे टुंडी क्षेत्र के गुलियाडीह गांव में सोमवार की देर रात जंगली हाथियों के झुंड ने जमकर तबाही मचाई। हाथियों के हमले में एक सहायक अध्यापक की…

    नेपाल से आई बाढ़ के बाद गंडक बराज पहुंचे जेडीयू सांसद सुनील कुमार, जलस्तर का लिया जायजा

    नेपाल से आई बाढ़ के बाद गंडक बराज पहुंचे जेडीयू सांसद सुनील कुमार, जलस्तर का लिया जायजा

    Leave a Reply

    Your email address will not be published. Required fields are marked *