
सहरसा जिले के सिमरी बख्तियारपुर थाना क्षेत्र में 72 वर्षीय बुजुर्ग की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत का मामला सामने आया है। बुजुर्ग का शव मवेशियों के बथान से बरामद होने के बाद इलाके में सनसनी फैल गई। मृतक के बेटे ने गांव के ही कुछ लोगों पर मारपीट कर हत्या करने का गंभीर आरोप लगाया है। वहीं, पुलिस का कहना है कि मौत के वास्तविक कारणों का खुलासा पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही हो सकेगा।
मृतक की पहचान बख्तियारपुर थाना क्षेत्र के जमुनिया गांव के वार्ड नंबर-4 निवासी स्वर्गीय गणेश प्रसाद सिंह के इकलौते पुत्र 72 वर्षीय रामदेव सिंह के रूप में हुई है। रामदेव सिंह तीन संतानों के पिता थे।
मृतक के पुत्र नीतेश ने बताया कि उनके पिता गांव के वार्ड नंबर-3 स्थित मवेशियों के बथान में रहते थे। शनिवार की शाम करीब 7:30 बजे जब वह अपने पिता से मिलने वहां पहुंचे तो उन्हें मृत अवस्था में पाया। इसके बाद परिवार में कोहराम मच गया और घटना की जानकारी ग्रामीणों को दी गई।
नीतेश का आरोप है कि उनके पिता का गांव के ही दुष्यंत, कुश कुमार, ओम कुमार, दिलीप कुमार, चंद्र कुमार सिंह और मनन सहित अन्य लोगों से जमीन को लेकर विवाद चल रहा था। उन्होंने आशंका जताई कि इसी विवाद को लेकर आरोपितों ने उनके पिता के साथ मारपीट की, जिससे उनकी मौत हो गई। बेटे ने पुलिस प्रशासन से पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई करने की मांग की है।
इधर, बुजुर्ग की मौत की खबर मिलते ही बड़ी संख्या में ग्रामीण घटनास्थल पर जुट गए। सूचना मिलने पर सिमरी बख्तियारपुर थाना की पुलिस मौके पर पहुंची और मामले की जांच शुरू कर दी।
बख्तियारपुर थानाध्यक्ष जयशंकर कुमार ने बताया कि मामला संदिग्ध प्रतीत हो रहा है। शव को पोस्टमार्टम के लिए सदर अस्पताल भेजा जा रहा है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के सही कारणों का पता चल सकेगा। फिलहाल पुलिस सभी पहलुओं को ध्यान में रखकर जांच कर रही है।
**नोट:** फिलहाल हत्या के आरोपों की पुलिस जांच जारी है और किसी भी आरोप की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।





