पटना: राजधानी पटना के अगमकुआं थाना क्षेत्र में बरामद हैंड ग्रेनेड को बुधवार शाम आबादी वाले इलाके से दूर ले जाकर निष्क्रिय कर दिया गया। सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए पुलिस और बम निरोधक दस्ते ने करीब दो घंटे तक चली कार्रवाई के बाद हैंड ग्रेनेड को निष्क्रिय किया। इस दौरान पुलिस की कई गाड़ियां सुरक्षा में तैनात रहीं।
जानकारी के अनुसार, 22 सितंबर की रात अगमकुआं ओवरब्रिज के नीचे पुलिस ने दो संदिग्ध आरोपियों को गिरफ्तार किया था। तलाशी के दौरान उनके पास से एक हैंड ग्रेनेड और पांच जिंदा कारतूस बरामद किए गए। हैंड ग्रेनेड मिलने की सूचना के बाद पुलिस महकमे में सतर्कता बढ़ा दी गई। मामले की गंभीरता को देखते हुए बम निरोधक दस्ते और एफएसएल की टीम को जांच के लिए बुलाया गया।
पटना सिटी के सहायक पुलिस अधीक्षक राज किशोर सिंह ने बताया कि विशेषज्ञ टीम ने बरामद हैंड ग्रेनेड की जांच की। इसके बाद सुरक्षा के मद्देनजर इसे शहर की आबादी से दूर ले जाकर निष्क्रिय करने का निर्णय लिया गया।
बुधवार शाम अगमकुआं थाना क्षेत्र से करीब 16 किलोमीटर दूर मरचा-मरची सड़क मार्ग की ओर सुरक्षित स्थान पर पुलिस की टीम पहुंची। हैंड ग्रेनेड को विशेष सुरक्षा व्यवस्था के बीच वहां ले जाया गया। इस दौरान पुलिस की तीन-चार गाड़ियां सुरक्षा में साथ रहीं। पूरे रास्ते पुलिसकर्मियों ने विशेष सतर्कता बरती।
सुरक्षित स्थान पर पहुंचने के बाद बम निरोधक दस्ते ने कार्रवाई संभाली। आसपास के क्षेत्र को पुलिस ने सुरक्षित कर लोगों को दूर रखा। विशेषज्ञों ने निर्धारित सुरक्षा प्रक्रिया के तहत हैंड ग्रेनेड को निष्क्रिय किया। कार्रवाई के दौरान तेज धमाके की आवाज सुनाई दी। इसके बाद विशेषज्ञ टीम ने मौके की जांच की और ऑपरेशन पूरा होने की पुष्टि की।
पूरी कार्रवाई अगमकुआं थानाध्यक्ष राजेश कुमार झा के नेतृत्व में पुलिस टीम और बम निरोधक दस्ते ने सावधानी के साथ पूरी की। अब पुलिस गिरफ्तार दोनों संदिग्धों से पूछताछ कर हैंड ग्रेनेड और पांच जिंदा कारतूस बरामद होने के मामले की कड़ी जोड़ने में जुटी है।





