बिहार के सहरसा जिले के बनमा इटहरी थाना क्षेत्र अंतर्गत सरबेला–मुबारकपुर मार्ग पर हरेवा पंचायत के पूर्व मुखिया जावेद इकबाल उर्फ गुड्डू मुखिया की गोली मारकर हत्या कर दी गई। गोली उनकी पीठ में लगी थी। गंभीर रूप से घायल अवस्था में उन्हें इलाज के लिए ले जाया गया, जहां इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई। घटना के बाद इलाके में सनसनी फैल गई है।
घटना की सूचना मिलने पर सहरसा के पुलिस अधीक्षक घटनास्थल पर पहुंचे और मामले की जानकारी लेते हुए स्थिति का जायजा लिया। घटनास्थल पर एफएसएल (विधि विज्ञान प्रयोगशाला) की टीम ने भी पहुंचकर जांच की। पुलिस के अनुसार, प्रथम दृष्टया मामला आपसी रंजिश से जुड़ा प्रतीत हो रहा है। मृतक के शव को पोस्टमार्टम के लिए सदर अस्पताल, सहरसा भेज दिया गया है।
इस हत्याकांड में मृतक के भाई आवेद इकबाल उर्फ मुन्ना ने पुरानी रंजिश को लेकर गंभीर आरोप लगाए हैं। उन्होंने सौर बाजार प्रखंड के चिकनी गांव निवासी मोहम्मद साहिल और उसके एक अन्य साथी पर हत्या में शामिल होने का आरोप लगाया है। हालांकि, इन आरोपों की आधिकारिक पुष्टि होना अभी बाकी है।
मृतक के भाई के अनुसार, उनके भतीजे मो. असीम और मोहम्मद साहिल के बीच पहले गहरी दोस्ती थी। करीब डेढ़ साल पहले दोनों के बीच वर्चस्व को लेकर विवाद हुआ था, जिसके बाद कहासुनी और मारपीट हुई। आरोप है कि इस दौरान साहिल ने असीम को पीटकर घायल कर दिया था। उस समय पुलिस में मामला दर्ज नहीं कराया गया और आपसी पंचायत के जरिए समझौता कर लिया गया था।
परिजनों का आरोप है कि समझौते के कुछ दिनों बाद साहिल की ओर से फिर मारपीट की धमकियां दी जाने लगी थीं। इसी बात को लेकर जावेद इकबाल उर्फ गुड्डू ने साहिल को चेतावनी दी थी कि असीम के साथ दोबारा कोई गलत हरकत नहीं होनी चाहिए।
मृतक के भाई ने आशंका जताई है कि इसी पुरानी रंजिश के कारण जावेद इकबाल की गोली मारकर हत्या की गई। पुलिस मामले के सभी पहलुओं की जांच कर रही है।
पुलिस के अनुसार, आवेदन प्राप्त होने के बाद आगे की जांच की जाएगी। आरोपियों की गिरफ्तारी सहित अन्य आवश्यक कानूनी कार्रवाई अनुसंधान के आधार पर की जाएगी। पुलिस ने बताया कि फिलहाल क्षेत्र में विधि-व्यवस्था की स्थिति सामान्य है।





