बिहार के सीतामढ़ी में शारदीय नवरात्र के अवसर पर धर्म और संस्कृति से जुड़ी एक विशेष पहल की जा रही है। माता सीता की जन्मस्थली सीतामढ़ी में बीजेपी के पूर्व नगर विधायक मिथलेश कुमार और राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ से जुड़े सदस्यों द्वारा संयुक्त रूप से जिले के विभिन्न दुर्गा पूजा पंडालों में शास्त्र और शस्त्र का वितरण किया जा रहा है। इस पहल का उद्देश्य सनातन धर्म की परंपराओं को आगे बढ़ाना और युवाओं में धर्म के प्रति आस्था को मजबूत करना है।
शारदीय नवरात्र के पावन अवसर पर माता सीता की जन्मस्थली सीतामढ़ी में दुर्गा पूजा की तैयारियों के बीच एक विशेष अभियान चलाया जा रहा है। जिले के विभिन्न दुर्गा पूजा पंडालों में शास्त्र और शस्त्र का वितरण किया जा रहा है। इस कार्य में बीजेपी के पूर्व नगर विधायक मिथलेश कुमार और राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ से जुड़े सदस्य संयुक्त रूप से भाग ले रहे हैं।
इस अभियान के तहत शास्त्र के रूप में रामायण और शस्त्र के प्रतीक के तौर पर त्रिशूल एवं गदा का वितरण किया जा रहा है। आयोजकों के अनुसार, सीतामढ़ी में पिछले कई वर्षों से शारदीय नवरात्र के दौरान दुर्गा पूजा पंडालों में शास्त्र और शस्त्र वितरित करने की परंपरा चली आ रही है। इस वर्ष भी इसी परंपरा को आगे बढ़ाते हुए विभिन्न पूजा समितियों तक धार्मिक ग्रंथ और पारंपरिक प्रतीक पहुंचाए जा रहे हैं।
इस पहल का मुख्य उद्देश्य सनातन धर्म की परंपराओं और सांस्कृतिक विरासत को संरक्षित करना तथा नई पीढ़ी को अपनी धार्मिक मान्यताओं और परंपराओं से जोड़ना है। आयोजकों का मानना है कि रामायण जैसे धार्मिक ग्रंथों के माध्यम से युवाओं को धर्म, नैतिकता और आदर्शों की जानकारी मिल सकती है। वहीं, त्रिशूल और गदा जैसे पारंपरिक प्रतीकों को धार्मिक आस्था और सांस्कृतिक परंपरा से जोड़कर देखा जाता है।
नवरात्र के दौरान मां दुर्गा की आराधना और पूजा-पाठ के बीच इस अभियान के जरिए धार्मिक परंपराओं को जन-जन तक पहुंचाने का प्रयास किया जा रहा है। सीतामढ़ी में वर्षों से चली आ रही इस पहल को आगे बढ़ाते हुए बीजेपी नेता और राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ से जुड़े सदस्य पूजा पंडालों में वितरण कार्य कर रहे हैं।
कुल मिलाकर, शारदीय नवरात्र के अवसर पर सीतामढ़ी में शास्त्र और शस्त्र वितरण की यह पहल धार्मिक आस्था, सांस्कृतिक परंपरा और नई पीढ़ी को सनातन विरासत से जोड़ने के उद्देश्य से जारी है।






