
सहरसा जिलाधिकारी दीपेश कुमार के निर्देश पर विद्यालयों की शैक्षणिक व्यवस्था, छात्राओं की सुरक्षा, स्वच्छता और मूलभूत सुविधाओं को बेहतर बनाने की दिशा में पहल शुरू की गई है। इसी क्रम में शिक्षक दिवस के अवसर पर नगर आयुक्त प्रभात कुमार झा ने राजकीय कन्या उच्च विद्यालय, सहरसा को गोद लिया है। विद्यालय को गोद लेने के बाद नगर आयुक्त ने सबसे पहले स्वच्छता व्यवस्था को दुरुस्त करने का काम शुरू कराया है।
राजकीय कन्या उच्च विद्यालय सहरसा और रमेश झा महिला महाविद्यालय के बीच का हिस्सा लंबे समय से गंदे पानी, जलकुंभी और कचरे से भरा हुआ था। इस कारण आसपास गंदगी का माहौल बना रहता था। विद्यालय में छात्राओं की पढ़ाई के साथ-साथ स्वच्छ और सुरक्षित वातावरण उपलब्ध कराने के उद्देश्य से नगर आयुक्त ने इस हिस्से की सफाई का कार्य शुरू कराया है।
नगर आयुक्त प्रभात कुमार झा ने बताया कि विद्यालय की व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए चरणबद्ध तरीके से काम किया जाएगा। उन्होंने कहा कि आने वाले समय में राजकीय कन्या उच्च विद्यालय का कायाकल्प करने की योजना है। विद्यालय परिसर और आसपास के क्षेत्र को साफ-सुथरा बनाने के साथ सौंदर्यीकरण पर भी ध्यान दिया जाएगा।
उन्होंने यह भी संकेत दिया कि विद्यालय और महिला महाविद्यालय के बीच मौजूद खाली एवं गंदगी से प्रभावित हिस्से को विकसित कर वहां तालाब का निर्माण कराया जा सकता है। नगर आयुक्त के अनुसार प्रस्तावित विकास कार्य को बेहतर तरीके से तैयार करने का प्रयास किया जाएगा, ताकि यह क्षेत्र शहर के लिए भी आकर्षण का केंद्र बन सके।
हालांकि, इस पूरी योजना में कितनी राशि खर्च होगी, इस सवाल पर नगर आयुक्त ने फिलहाल कोई स्पष्ट जानकारी देने से इनकार किया है। उन्होंने कहा कि योजना को अंतिम रूप देने के बाद ही खर्च से संबंधित जानकारी स्पष्ट हो सकेगी।
विद्यालय को गोद लेने के बाद स्वच्छता से शुरुआत किए जाने को स्थानीय स्तर पर महत्वपूर्ण पहल माना जा रहा है। इससे एक ओर जहां छात्राओं को बेहतर वातावरण मिलने की उम्मीद है, वहीं दूसरी ओर शहर के सौंदर्यीकरण में भी इसका सकारात्मक प्रभाव पड़ सकता है।





