दरभंगा पहुंचे बिहार के शिक्षा मंत्री मिथिलेश तिवारी ने शिक्षकों के ट्रांसफर से जुड़े विवाद और TRE-4 शिक्षक भर्ती परीक्षा को लेकर बड़ा बयान दिया है। शिक्षा मंत्री ने कहा कि बिहार के किसी भी शिक्षक को अपनी समस्या के समाधान के लिए कोर्ट जाने की जरूरत नहीं है। शिक्षा विभाग शिक्षकों की समस्याओं का सम्मान के साथ समाधान निकालने के लिए हमेशा तैयार है।
दरअसल, शिक्षकों के ट्रांसफर से जुड़े सवाल पर शिक्षा मंत्री मिथिलेश तिवारी ने कहा कि कुछ शिक्षक ट्रांसफर के मामले को लेकर कोर्ट गए थे और उनकी याचिका पर सुनवाई भी हुई है। इस मामले में अगली तारीख पर स्थिति और स्पष्ट हो जाएगी। उन्होंने शिक्षकों से अपील की कि अगर किसी तरह का कन्फ्यूजन या समस्या है तो वे सीधे शिक्षा विभाग से संपर्क करें और अपनी बात रखें।
मिथिलेश तिवारी ने कहा कि विभाग संवाद के जरिए समस्याओं का समाधान निकालने के लिए सदैव तैयार है। उनका कहना है कि शिक्षकों की समस्याओं को गंभीरता से सुना जाएगा और उचित तरीके से समाधान का प्रयास किया जाएगा।
वहीं, शिक्षक भर्ती परीक्षा TRE-4 को लेकर भी शिक्षा मंत्री ने महत्वपूर्ण जानकारी दी। उन्होंने बताया कि TRE-4 में कुछ छोटे-मोटे बदलाव किए गए हैं। परीक्षा निगेटिव मार्किंग के साथ आयोजित की जाएगी। परीक्षा का पाठ्यक्रम तैयार करना और प्रश्न पत्र बनाना बिहार लोक सेवा आयोग यानी BPSC का काम है। उन्होंने कहा कि TRE-4 को लेकर अधिसूचना जल्द जारी की जाएगी और BPSC जल्द ही फॉर्म भरने की तारीख जारी करेगा।
दरभंगा में शिक्षा मंत्री ने बीजेपी नेताओं और कार्यकर्ताओं के साथ प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ‘मन की बात’ कार्यक्रम का 137वां संस्करण भी सुना। इस दौरान बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष संजय सरावगी समेत बड़ी संख्या में नेता और कार्यकर्ता मौजूद रहे।
मिथिलेश तिवारी ने कहा कि हर महीने के अंतिम रविवार को ‘मन की बात’ कार्यक्रम का समय निर्धारित है। उन्होंने इसे ‘अनेकता में एकता’ की पहचान बताते हुए कहा कि देश के करोड़ों लोग इस कार्यक्रम को सुनते हैं और इससे उन्हें नई जानकारियां और प्रेरणा मिलती है।






