NEET पेपर लीक के विरोध में बिहार बंद का व्यापक असर, सिवान में पथराव-फायरिंग में कई घायल, पटना में तेज प्रताप यादव छात्रों के समर्थन में उतरे सड़क पर

नीट परीक्षा पेपर लीक और प्रदर्शनकारी छात्रों पर हुए लाठीचार्ज के विरोध में आज बिहार में महाबंद का व्यापक असर देखने को मिला।

अखिल भारतीय छात्र संघ आइसा (AISA) और राष्ट्रीय युवा आंदोलन द्वारा आज 25 जुलाई 2026 को बिहार बंद का आह्वान किया गया था, जिसे मुख्य विपक्षी दल राष्ट्रीय जनता दल (RJD) और कांग्रेस ने भी पूरा समर्थन दिया है।

बंद के दौरान राज्य भर में जनजीवन प्रभावित रहा। कई जिलों में सड़क और रेल यातायात बाधित होने की खबर है। सुरक्षा व्यवस्था को लेकर पूरे बिहार में 70 हजार से अधिक पुलिस बलों की तैनाती की गई है। कई जगहों पर बंद करा रहे छात्रों को पुलिस ने डिटेन भी किया है।

इस बीच सिवान से हिंसक झड़प की खबर सामने आई है। जानकारी के अनुसार सिवान में बंद समर्थकों और पुलिस के बीच तीखी झड़प हो गई। प्रदर्शनकारियों ने पुलिस पर पथराव कर दिया, जिसमें कई पुलिसकर्मी जख्मी हो गए। स्थिति को नियंत्रित करने के लिए पुलिस को चेतावनी के बाद फायरिंग करनी पड़ी, जिसमें एक युवक के घायल होने की सूचना है। घायल युवक को तत्काल अस्पताल में भर्ती कराया गया है। फिलहाल इलाके में तनावपूर्ण शांति बनी हुई है और अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया है।

वहीं राजधानी पटना में छात्र आंदोलन को नया सियासी समर्थन मिला है। जनशक्ति जनता दल के राष्ट्रीय अध्यक्ष तेज प्रताप यादव आज छात्रों के बीच पहुंचे और उनके आंदोलन का समर्थन किया। पटना में मौजूद तेज प्रताप यादव ने कहा कि वे छात्रों के साथ पूरी तरह खड़े हैं। गौरतलब है कि पिछले कई दिनों से पटना में NEET पेपर लीक को लेकर छात्रों का प्रदर्शन जारी है और वे केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग पर अड़े हुए हैं।

इधर लखीसराय में छात्रों ने तिरंगा आक्रोश मार्च निकाला। विभिन्न विद्यालयों, कोचिंग संस्थानों के छात्रों, SFI और आइसा कार्यकर्ताओं ने पटना में छात्रों पर हुए लाठीचार्ज के विरोध में यह मार्च निकाला। जिला पुलिस अधीक्षक प्रेरणा कुमार के नेतृत्व में पूरे जिले में 400 से अधिक पुलिसकर्मी और मजिस्ट्रेट तैनात किए गए थे। यह आक्रोश मार्च शांतिपूर्ण तरीके से जिला समाहरणालय के गांधी मैदान तक पहुंचा, जहां प्रदर्शनकारियों ने शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की मांग दोहराई और कहा कि जब तक इस्तीफा नहीं होता, आंदोलन जारी रहेगा।

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