बिहार के रोहतास जिले के प्रसिद्ध पायलट बाबा धाम के मुख्य प्रवेश द्वार पर मंगलवार सुबह उस समय सनसनी फैल गई, जब एक अज्ञात युवक का शव बरामद हुआ। स्थानीय लोगों ने इसकी सूचना तुरंत मुफ़स्सिल थाना पुलिस को दी। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची, शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा और जांच शुरू कर दी।
पुलिस की शुरुआती जांच में मृतक की पहचान केरल के एर्नाकुलम जिले के निवासी 30 वर्षीय अभिजीत केडी, पिता मोहन केडी, के रूप में हुई है। मुफ़स्सिल थानाध्यक्ष राजीव रंजन सिंह और एसडीपीओ-2 संजीव कुमार ने बताया कि प्रथम दृष्टया मामला आत्महत्या का प्रतीत होता है। धाम परिसर के बाहर लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज में युवक सोमवार रात करीब 10 बजे वहां पहुंचता दिखाई दिया है। जांच में यह भी सामने आया है कि उसने धाम के पास एक दुकान के बाहर बांस के सहारे फंदा लगाया था। पुलिस आसपास के लोगों से पूछताछ कर रही है और सभी पहलुओं की गहन जांच की जा रही है।
इस घटना के बाद पायलट बाबा धाम एक बार फिर चर्चा में है। सासाराम स्थित यह धाम भारतीय वायु सेना के पूर्व विंग कमांडर और प्रसिद्ध संत पायलट बाबा की स्मृति में स्थापित किया गया है। उनका वास्तविक नाम कपिल सिंह था। काशी हिंदू विश्वविद्यालय से शिक्षा प्राप्त करने के बाद उन्होंने भारतीय वायु सेना में विंग कमांडर के रूप में सेवा दी और 1962 के भारत-चीन युद्ध तथा 1965 और 1971 के भारत-पाक युद्धों में साहस का परिचय दिया।
बताया जाता है कि एक सैन्य अभियान के दौरान विमान का संपर्क टूटने के बाद उन्होंने अपने गुरु का स्मरण किया और सुरक्षित लौटने के बाद संन्यास का मार्ग अपना लिया। इसके बाद उन्होंने हिमालय में वर्षों तक कठोर तपस्या की और आध्यात्मिक जीवन को समर्पित कर दिया। 20 अगस्त 2024 को उनके महाप्रयाण के बाद हरिद्वार में भू-समाधि दी गई। उनकी स्मृति में बना सासाराम का पायलट बाबा धाम आज देश-विदेश से आने वाले श्रद्धालुओं और पर्यटकों के लिए प्रमुख आस्था केंद्र बन चुका है। फिलहाल पुलिस युवक की मौत के कारणों की जांच कर रही है और पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार किया जा रहा है।








