पलामू, झारखंड: जिले में मानवीय संवेदनशीलता और त्वरित प्रशासनिक कार्रवाई का एक अनूठा उदाहरण सामने आया है, जहां उपायुक्त श्री दिलीप प्रताप सिंह शेखावत ने सोशल मीडिया पर वायरल एक वीडियो पर संज्ञान लेते हुए दिव्यांग दंपति के घर पहुंचकर उन्हें सरकारी योजनाओं की सौगात प्रदान की।
यह मामला तब सामने आया जब छोटी बच्ची ललिता कुमारी ने एक वीडियो के माध्यम से अपने दिव्यांग माता-पिता के लिए आवास और अन्य सरकारी सहायता की मांग की थी। बच्ची की भावुक अपील और उसकी अभिव्यक्ति क्षमता ने प्रशासन का ध्यान आकर्षित किया, जिसके बाद उपायुक्त स्वयं मौके पर पहुंचे।
मौके पर उपायुक्त ने बच्ची और उसके परिवार से मुलाकात की तथा बच्ची की समझदारी और बोलने की क्षमता की सराहना की। उन्होंने परिवार की स्थिति को गंभीरता से लेते हुए त्वरित कार्रवाई की और बच्ची के छोटे भाई को गोद में लेकर उसका जन्म प्रमाण पत्र सौंपा। साथ ही परिवार के तीन अन्य बच्चों को भी जन्म प्रमाण पत्र प्रदान किए गए, जिससे उन्हें भविष्य में सरकारी योजनाओं का लाभ प्राप्त करने में सुविधा होगी।
उपायुक्त ने दिव्यांग दंपति को “बाबा साहब भीमराव अंबेडकर आवास योजना” के तहत आवास स्वीकृति प्रदान की तथा उनकी दैनिक जरूरतों को देखते हुए ट्राई साइकिल भी उपलब्ध कराई। उन्होंने बच्चों की शिक्षा के प्रति भी विशेष रुचि दिखाई और उनकी पढ़ाई-लिखाई तथा भविष्य की योजनाओं के बारे में जानकारी ली।
इस दौरान उपायुक्त ने अवसाने-3, बरेवा टोला स्थित नव निर्मित आंगनबाड़ी केंद्र का उद्घाटन भी किया। उन्होंने बच्ची के भाई आशिक कुमार एवं बहन आरती कुमारी का नामांकन आंगनबाड़ी केंद्र में स्वयं कराते हुए उपस्थिति रजिस्टर में दर्ज किया। साथ ही गांव की अन्य बच्ची सुहानी कुमारी का भी नामांकन कराकर बच्चों को आंगनबाड़ी सेवाओं से जोड़ने का संदेश दिया।
उपायुक्त ने प्रखंड विकास पदाधिकारी को निर्देश दिया कि परिवार को सभी पात्र सरकारी योजनाओं का लाभ प्राथमिकता के आधार पर उपलब्ध कराया जाए तथा क्षेत्र में नियमित सर्वे कर जरूरतमंदों को चिन्हित किया जाए। उन्होंने बच्चों को स्पॉन्सरशिप योजना से जोड़ने पर भी बल दिया।
उन्होंने सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर के प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि डिजिटल प्लेटफॉर्म अब जनहित के मुद्दों को प्रशासन तक पहुंचाने में अहम भूमिका निभा रहे हैं।
कार्यक्रम के दौरान बच्चों के बीच स्लेट, कॉपी, पेंसिल और फल का वितरण भी किया गया तथा उपायुक्त ने बच्चों से संवाद कर उन्हें शिक्षा के प्रति प्रेरित किया।
संवाददाता – सत्यम शुक्ला की रिपोर्ट





