रांची: झारखंड में मानसून के दौरान वज्रपात का कहर लगातार जारी है। पिछले 24 घंटों के दौरान राज्य के विभिन्न जिलों में बिजली गिरने की घटनाओं में तीन महिलाओं और एक 10 वर्षीय बच्चे समेत कम से कम सात लोगों की मौत हो गई। लगातार हो रही इन घटनाओं ने लोगों की चिंता बढ़ा दी है। पुलिस अधिकारियों ने रविवार को इसकी पुष्टि की।
जानकारी के अनुसार, मृतकों में दो-दो लोग रांची और गढ़वा जिले के हैं, जबकि अन्य मौतें चतरा, गिरिडीह और सरायकेला-खरसावां जिलों में हुई हैं। पुलिस के मुताबिक अधिकांश लोग खेतों में काम करने या खुले स्थानों पर रहने के दौरान वज्रपात की चपेट में आ गए।
रांची जिले के पिठौरिया थाना क्षेत्र में बिजली गिरने से बधु गांव निवासी जीतू महली (55) और कटमकुली गांव की निराशो देवी (33) की मौत हो गई। दोनों खेत में काम कर रहे थे, तभी अचानक मौसम खराब हुआ और वज्रपात की चपेट में आ गए। घटना के बाद स्थानीय लोगों ने उन्हें बचाने की कोशिश की, लेकिन मौके पर ही उनकी मौत हो गई। पुलिस ने दोनों शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।
वहीं गढ़वा जिले में भी वज्रपात ने दो लोगों की जान ले ली। मृतकों की पहचान खरौंधी थाना क्षेत्र के सुंडी गांव निवासी रीना देवी (30) और केतार थाना क्षेत्र के मुकुंदपुर गांव निवासी रामअवतार पाल (65) के रूप में हुई है। दोनों अलग-अलग स्थानों पर बिजली गिरने की घटना का शिकार हुए।
इसके अलावा चतरा, गिरिडीह और सरायकेला-खरसावां जिलों में भी वज्रपात से तीन अन्य लोगों की मौत की सूचना है। प्रशासन ने लोगों से खराब मौसम के दौरान खुले मैदान, पेड़ के नीचे और खेतों में काम करने से बचने की अपील की है।
मौसम विभाग ने भी अगले कुछ दिनों तक राज्य के कई हिस्सों में गरज-चमक और वज्रपात की संभावना जताई है। ऐसे में लोगों को सतर्क रहने और मौसम संबंधी चेतावनियों का पालन करने की सलाह दी गई है।





