खबर बिहार के सहरसा से है, जहां आम नागरिकों की समस्याओं के त्वरित समाधान और सरकारी कार्यों को सरल बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल की शुरुआत की गई है। बिहार सरकार की सात निश्चय–3 योजना के तहत सातवें निश्चय ‘सबका सम्मान–जीवन आसान (Ease of Living)’ अभियान को लेकर समाहरणालय स्थित सभा कक्ष में एक अहम पत्रकार सम्मेलन का आयोजन किया गया। इस प्रेस वार्ता की अध्यक्षता जिलाधिकारी दीपेश कुमार एवं पुलिस अधीक्षक हिमांशु कुमार ने की।
पत्रकार सम्मेलन को संबोधित करते हुए जिलाधिकारी दीपेश कुमार ने बताया कि इस अभियान का मुख्य उद्देश्य आम लोगों के दैनिक जीवन में सरकारी कार्यालयों से जुड़ी परेशानियों को कम करना और उन्हें सम्मानजनक व सुगम सेवाएं उपलब्ध कराना है। इसके तहत जिले के सभी सरकारी कार्यालयों—जैसे ग्राम पंचायत, थाना, अंचल, प्रखंड, अनुमंडल एवं जिला स्तर—पर प्रत्येक सप्ताह सोमवार और शुक्रवार को संबंधित पदाधिकारी अपने कार्यालय कक्ष में अनिवार्य रूप से उपस्थित रहेंगे और आम जनता की शिकायतें सुनेंगे।
उन्होंने बताया कि इन दिनों में प्राप्त शिकायतों का प्राथमिकता के आधार पर त्वरित निष्पादन किया जाएगा। यदि किसी कारणवश संबंधित पदाधिकारी कार्यालय में उपस्थित नहीं हो पाते हैं, तो उनके स्थान पर किसी अन्य सक्षम पदाधिकारी को अधिकृत किया जाएगा, ताकि जनता को किसी प्रकार की असुविधा न हो। वहीं, जिन अधिकारियों के पास एक से अधिक कार्यालयों का प्रभार है, वे अपने विवेकानुसार समय-सारणी निर्धारित कर सभी कार्यालयों में आम नागरिकों से मुलाकात सुनिश्चित करेंगे।
जिलाधिकारी ने यह भी जानकारी दी कि आम लोगों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए सभी कार्यालयों में पेयजल, शौचालय एवं बैठने की समुचित व्यवस्था की गई है। इसके साथ ही प्रत्येक कार्यालय में शिकायत पंजी का संधारण किया जाएगा तथा प्राप्त शिकायतों का सतत अनुश्रवण भी किया जाएगा, ताकि किसी भी समस्या को लंबित न रखा जाए।
इस अवसर पर पुलिस अधीक्षक हिमांशु कुमार ने कहा कि यह अभियान प्रशासन और जनता के बीच विश्वास को मजबूत करेगा तथा समस्याओं का समाधान स्थानीय स्तर पर ही संभव हो सकेगा। प्रेस कॉन्फ्रेंस में अपर समाहर्ता निशांत कुमार एवं जिला जनसंपर्क पदाधिकारी भी उपस्थित रहे।
यह नई व्यवस्था 19 जनवरी 2026 से जिले में प्रभावी होगी, जिससे सहरसा के आम नागरिकों को बड़ी राहत मिलने की उम्मीद है।
