सहरसा। कोसी क्षेत्र को नशामुक्त बनाने और नशे के खिलाफ जनजागरूकता फैलाने के उद्देश्य से गुरुवार को सुरक्षित स्थान, सहरसा में एक दिवसीय कार्यशाला का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का आयोजन नशा मुक्त कोसी अभियान एवं किशोर न्याय परिषद, सहरसा के संयुक्त तत्वावधान में किया गया। कार्यशाला का शुभारंभ कोसी प्रक्षेत्र के डीआईजी डॉ. कुमार आशीष ने दीप प्रज्वलित कर किया।
कार्यशाला को संबोधित करते हुए डीआईजी डॉ. कुमार आशीष ने कहा कि पुलिस मुख्यालय के निर्देशानुसार कोसी क्षेत्र में नशे के खिलाफ लगातार जागरूकता अभियान और प्रभावी कार्रवाई की जा रही है। उन्होंने कहा कि युवाओं में बढ़ती नशे की प्रवृत्ति समाज और उनके भविष्य के लिए गंभीर चुनौती बनती जा रही है। इससे निपटने के लिए केवल पुलिस ही नहीं, बल्कि समाज के सभी वर्गों को मिलकर आगे आना होगा।
डीआईजी ने कहा कि “नशा मुक्त कोसी” अभियान के तहत अवैध नशे के कारोबारियों के खिलाफ लगातार कार्रवाई की जा रही है। साथ ही युवाओं और आम लोगों को नशे के सामाजिक और स्वास्थ्य संबंधी दुष्परिणामों के प्रति जागरूक किया जा रहा है। कार्यशाला में नशे की बढ़ती प्रवृत्ति, इसके दुष्प्रभाव और इससे बचाव के उपायों पर विस्तार से चर्चा की गई।
इस दौरान उपस्थित लोगों ने कोसी क्षेत्र को नशामुक्त बनाने का सामूहिक संकल्प लिया। डीआईजी ने सभी लोगों को स्वयं नशे से दूर रहने और अपने आसपास के लोगों, विशेषकर युवाओं को नशे से बचाने के लिए जागरूक करने की शपथ दिलाई।
अभियान के तहत पुलिस उप-महानिरीक्षक, कोसी क्षेत्र, सहरसा द्वारा जारी हेल्पलाइन नंबर 9060384865 पर आम लोग कॉल, मैसेज और व्हाट्सऐप के माध्यम से नशे के अवैध कारोबार से जुड़ी जानकारी दे सकते हैं। पुलिस के अनुसार सूचना देने वाले व्यक्ति की पहचान पूरी तरह गोपनीय रखी जाएगी।
पुलिस ने लोगों से अभियान में सहयोग करने की अपील करते हुए कहा कि महत्वपूर्ण सूचना के आधार पर विशेष उपलब्धि हासिल होने पर संबंधित व्यक्ति को उचित रूप से पुरस्कृत भी किया जाएगा। कार्यक्रम में किशोर न्याय परिषद के सदस्य, पुलिस अधिकारी, समाजसेवी और अभियान से जुड़े कार्यकर्ता मौजूद रहे।
रिपोर्ट: इन्द्रदेव | लोकेशन: सहरसा






