सहरसा। सहरसा के जिलाधिकारी दीपेश कुमार ने नवहट्टा प्रखंड के बराही स्थित प्रथम वर्गीय पशु चिकित्सालय का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान चिकित्सालय में डॉक्टर अनुपस्थित पाए गए, जिस पर जिलाधिकारी ने नाराजगी जताई और आवश्यक कार्रवाई के संकेत दिए।
डीएम ने पशु चिकित्सालय पहुंचकर वहां की व्यवस्थाओं का जायजा लिया। इस दौरान उन्होंने अस्पताल में उपलब्ध सुविधाओं, पशुओं के इलाज की व्यवस्था और दवाइयों की उपलब्धता की जानकारी ली। निरीक्षण के क्रम में चिकित्सक के अनुपस्थित मिलने को जिलाधिकारी ने गंभीरता से लिया।
जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों से पशु चिकित्सालय की कार्यप्रणाली और यहां आने वाले पशुपालकों को मिलने वाली चिकित्सा सुविधाओं के बारे में जानकारी प्राप्त की। उन्होंने दवाइयों के स्टॉक की भी जांच की और यह सुनिश्चित करने के निर्देश दिए कि इलाज के लिए आने वाले पशुपालकों को किसी प्रकार की परेशानी का सामना नहीं करना पड़े।
निरीक्षण के दौरान डॉक्टर की अनुपस्थिति पर डीएम ने स्पष्ट नाराजगी जताई। उन्होंने कहा कि सरकारी अस्पतालों और चिकित्सालयों में पदस्थापित अधिकारियों एवं कर्मचारियों को अपनी जिम्मेदारियों का गंभीरता से निर्वहन करना चाहिए। पशु चिकित्सालय में डॉक्टर के अनुपस्थित पाए जाने के मामले में आवश्यक कार्रवाई की बात कही गई है।
डीएम ने संबंधित अधिकारियों को पशु चिकित्सा सेवाओं में सुधार लाने के निर्देश दिए। साथ ही दवाइयों की नियमित उपलब्धता, चिकित्सकों एवं कर्मचारियों की उपस्थिति और पशुपालकों को समय पर बेहतर इलाज सुनिश्चित कराने पर जोर दिया।
बराही क्षेत्र के पशुपालकों के लिए प्रथम वर्गीय पशु चिकित्सालय महत्वपूर्ण है। ऐसे में चिकित्सालय की व्यवस्था दुरुस्त रखने और नियमित रूप से डॉक्टर की उपलब्धता सुनिश्चित करने को लेकर प्रशासन गंभीर नजर आया।
जिलाधिकारी के निरीक्षण के बाद पशु चिकित्सालय की व्यवस्था और डॉक्टर की अनुपस्थिति का मामला चर्चा का विषय बना हुआ है। प्रशासनिक स्तर पर आगे की कार्रवाई पर अब सभी की नजर बनी हुई है।





