भागलपुर: होली के पावन अवसर पर बबली किशोर ने शहर के एक विवाह भवन में स्लम एरिया के बच्चों के साथ होली उत्सव समारोह मनाकर समाज में सकारात्मक संदेश दिया। इस खास आयोजन में बच्चों के लिए विशेष भोजन की व्यवस्था की गई थी, जिससे पूरे माहौल में उत्साह, उमंग और अपनापन देखने को मिला। बच्चों के चेहरों पर खुशी और रंगों की चमक ने समारोह को यादगार बना दिया।
कार्यक्रम के दौरान बबली किशोर ने स्वयं अपने हाथों से बच्चों को खाना परोसा और उनके साथ बैठकर समय बिताया। बच्चों ने भी पूरे उत्साह के साथ “हैप्पी होली” कहते हुए अपनी खुशी जाहिर की। समारोह स्थल पर रंग, हंसी और मुस्कान का ऐसा माहौल बना, जिसने सभी का मन मोह लिया। बच्चों की खिलखिलाहट और उनकी चमकती आंखों ने आयोजन की सार्थकता को और बढ़ा दिया।
इस अवसर पर बबली किशोर ने कहा कि कई बच्चे आर्थिक और सामाजिक कारणों से त्योहारों की खुशियों से वंचित रह जाते हैं। ऐसे बच्चों के साथ त्योहार मनाकर उन्हें खुशियां देना ही उनका मुख्य उद्देश्य है। उन्होंने कहा कि बच्चों की मुस्कान ही उनके लिए सबसे बड़ा पुरस्कार है और यही प्रेरणा उन्हें हर वर्ष इस तरह का आयोजन करने के लिए प्रेरित करती है।
उन्होंने आगे कहा कि त्योहार केवल रंग खेलने का नहीं, बल्कि एक-दूसरे के साथ खुशियां बांटने का नाम है। समाज के सक्षम लोगों को आगे आकर जरूरतमंद बच्चों के साथ त्योहार मनाना चाहिए, ताकि वे भी त्योहारों की असली खुशी महसूस कर सकें।
इस आयोजन ने समाज को यह संदेश दिया कि त्योहारों की सच्ची खुशी तब मिलती है, जब हम उसे दूसरों के साथ साझा करते हैं। भागलपुर में आयोजित यह पहल न केवल बच्चों के चेहरों पर मुस्कान लाई, बल्कि सामाजिक समरसता और मानवीय संवेदना की मिसाल भी पेश की।
