सहरसा जिले के खेल इतिहास में एक नया अध्याय जुड़ गया, जब सहरसा में पहली बार प्रथम ओपन कोसी कराटे चैंपियनशिप का भव्य आयोजन किया गया। राज्य स्तरीय इस प्रतियोगिता में बिहार के विभिन्न जिलों से 250 से अधिक बच्चों ने हिस्सा लिया और अपनी खेल प्रतिभा, अनुशासन एवं आत्मविश्वास का प्रदर्शन किया। प्रतियोगिता में सहरसा जिला प्रथम स्थान पर रहा, जबकि टीएमएमए एसकेए इंडिया ने भी संयुक्त रूप से प्रथम स्थान प्राप्त किया। सुपौल जिला दूसरे तथा मधेपुरा और खगड़िया संयुक्त रूप से तीसरे स्थान पर रहे।
प्रतियोगिता में सहरसा, सुपौल, मधेपुरा, खगड़िया, कटिहार, पूर्णिया, बेगूसराय सहित बिहार के कई जिलों के खिलाड़ियों ने भाग लिया। कार्यक्रम का उद्घाटन पुलिस उपाधीक्षक मुख्यालय सहरसा कमलेश्वर प्रसाद सिंह, जिला कराटे संघ के अध्यक्ष डॉ. जयंत आशीष एवं अतिथि अरुण कुमार ने किया।
इस अवसर पर डीएसपी कमलेश्वर प्रसाद सिंह ने कहा कि इतनी बड़ी संख्या में बच्चों और विशेषकर बच्चियों की भागीदारी सराहनीय है। कराटे केवल खेल नहीं, बल्कि आत्मरक्षा, अनुशासन और आत्मविश्वास का महत्वपूर्ण माध्यम है। ऐसे आयोजन बच्चों को सकारात्मक दिशा देने के साथ खेल संस्कृति को भी बढ़ावा देते हैं।
जिला कराटे संघ के अध्यक्ष डॉ. जयंत आशीष ने विभिन्न जिलों से आए खिलाड़ियों, प्रशिक्षकों और निर्णायकों का स्वागत करते हुए सभी प्रतिभागियों को शुभकामनाएं दीं। वहीं, खेल पदाधिकारी कुमारी तोशी ने आयोजन की सराहना करते हुए जिला कराटे संघ के महासचिव इफ्तेखार राही और उनकी टीम को बधाई दी। उन्होंने विशेष रूप से बच्चियों को कराटे से जोड़ने और आत्मरक्षा के प्रति जागरूक करने पर जोर दिया।
आयोजक एवं जिला कराटे संघ के महासचिव इफ्तेखार राही ने सभी अतिथियों, प्रशिक्षकों, निर्णायकों, खिलाड़ियों और सहयोगियों के प्रति आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि सभी के सहयोग और बेहतर समन्वय से प्रतियोगिता सफल हुई। उन्होंने खिलाड़ियों को प्रेरित करते हुए कहा कि जो बच्चा खेलेगा, वही खिलेगा।
आयोजकों ने भविष्य में भी इस तरह की प्रतियोगिताओं के माध्यम से बच्चों को राज्य, राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी प्रतिभा दिखाने का अवसर उपलब्ध कराने की बात कही।






