गयाजी: नवरात्र के दौरान मां दुर्गा की भक्ति के अलग-अलग रूप देखने को मिल रहे हैं। बिहार के गयाजी में एक युवा भक्त अपनी अनूठी साधना को लेकर चर्चा में है। सलेमपुर मोहल्ले के रहने वाले शंकर कुमार ने अपने सीने पर नौ कलश धारण किए हैं। नौ दिनों तक चलने वाली इस साधना को देखने के लिए दूर-दूर से श्रद्धालु पहुंच रहे हैं। शंकर कुमार का कहना है कि उनकी इस साधना का उद्देश्य देश और दुनिया में शांति स्थापित करना है।
मां दुर्गा की आराधना में लीन भक्त शंकर कुमार पिछले कई वर्षों से नवरात्र का व्रत कर रहे हैं। पहले वे फलाहार लेकर माता की पूजा करते थे, लेकिन इस बार उन्होंने सीने पर नौ कलश धारण कर कठिन साधना करने का निर्णय लिया है। शंकर का कहना है कि पूरे नवरात्र उन्हें लेटे रहकर कलश धारण किए रखना है। वे माता दुर्गा से सभी के कल्याण और शांति की कामना कर रहे हैं।
शंकर कुमार के मुताबिक, नवरात्र शुरू होने से दो दिन पहले मां दुर्गा उनके सपने में आई थीं। उनके अनुसार, सपने में उन्हें इस तरह की साधना करने का संकेत मिला, जिसके बाद उन्होंने नौ कलश धारण करने का निर्णय लिया। शंकर का कहना है कि वे कभी-कभार घी और शहद का सेवन कर रहे हैं और इसके अलावा कुछ नहीं ले रहे हैं।
शंकर कुमार ने बताया कि उनकी कोई व्यक्तिगत मन्नत नहीं है। वे चाहते हैं कि उनके मोहल्ले, जिले, राज्य, देश और पूरी दुनिया में शांति बनी रहे। मां दुर्गा की कृपा सभी पर बरसे और हर किसी का कल्याण हो, इसी भावना के साथ वे साधना कर रहे हैं।
वहीं, सलेमपुर मोहल्ले के निवासी अनिल कुमार ने बताया कि शंकर की साधना की जानकारी मिलने के बाद स्थानीय कमिटी की बैठक हुई और फिर आवश्यक तैयारियां की गईं। स्थानीय लोगों के अनुसार, शंकर मूल रूप से नवादा जिले के रहने वाले हैं और वर्तमान में सलेमपुर मोहल्ले में रहते हैं। मोहल्ले के लोग उनकी साधना में सहयोग कर रहे हैं।
फिलहाल, शंकर कुमार की यह अनूठी साधना नवरात्र के दौरान इलाके में श्रद्धा और चर्चा का विषय बनी हुई है।





